City Post Live
NEWS 24x7

आईएस पूजा सिंघल के कई ठिकानो पर ED का रेड बड़े पैमाने पर कैश बरामद होने की सूचना|

ED's raid on several locations of IS Pooja Singhal, information about the recovery of massive cash

-sponsored-

-sponsored-

- Sponsored -

सिटी पोस्ट लाइव – अवैध खनन मामले में ED ने शुक्रवार सुबह करीब 5 बजे देशभर में छापेमारी की है। यह कार्रवाई झारखंड की सीनियर IAS अधिकारी पूजा सिंघल और उनसे जुड़े सत्ता के करीबी व्यक्तियों के 20 ठिकानों पर की गई है। अफसर के करीबी CA के घर से 25 करोड़ रुपए कैश मिलने की खबर है। ED नोट गिनने वाली मशीन से कैश गिन रही है। हालांकि, ED की ओर से कैश मिलने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

 

रांची में छापेमारी के दौरान मौजूद सुरक्षाकर्मी।

 

रांची में कांके रोड के चांदनी चौक स्थित पंचवटी रेजिडेंसी के ब्लाक नंबर 9, लालपुर के हरिओम टावर स्थित नई बिल्डिंग, बरियातू के पल्स अस्पताल में छापेमारी की जानकारी मिली है। बता दें कि पल्स हॉस्पिटल पूजा सिंघल के पति और व्यवसायी अभिषेक झा का है। IAS अधिकारी पूजा सिंघल के सरकारी आवास पर भी छापेमारी की सूचना है। इस पूरे प्रकरण पर प्रवर्तन निदेशालय की अधिकारिक पुष्टि का इंतजार है।
IAS पूजा सिंघल के पति अभिषेक के आवास पर भी छापेमारी चल रही है। IAS अधिकारी राहुल पुरवार से तलाक के बाद पूजा सिंघल ने अभिषेक से शादी की थी। अभिषेक के रातू रोड स्थित एक ठिकाने पर ED के अधिकारी जांच कर रहे हैं। ED ने छापेमारी में कई जब्त किए हैं। बड़े पैमाने पर कैश बरामद होने की सूचना है। धनबाद में भी कई जगहों पर टीम तलाशी ले रही है।
ED ने मनरेगा घोटाले के एक मामले में झारखंड उच्च न्यायालय के आदेश पर पूरे मामले की जानकारी से संबंधित शपथ पत्र दायर की थी। ED ने शपथ पत्र के माध्यम से कोर्ट को बताया था कि झारखंड के खूंटी जिले में मनरेगा में 18.06 करोड़ रुपए के घोटाले के वक्त वहां की उपायुक्त पूजा सिंघल थीं।

इस मामले में वहां के जूनियर इंजीनियर राम विनोद प्रसाद सिन्हा गिरफ्तार कर जेल भेजे गए थे, जिन्होंने ED को दिए अपने बयान में यह स्वीकार किया था कि कमीशन की राशि उपायुक्त कार्यालय तक पहुंचती थी। ED ने चतरा और पलामू के भी दोनों मामलों की चल रही जांच की जानकारी अपने शपथ पत्र के माध्यम से हाईकोर्ट को दी थी। शपथ पत्र में बताया था कि पूजा सिंघल चतरा जिले में अगस्त 2007 से जून 2008 तक उपायुक्त के पद पर तैनात थीं।

आरोप है कि उन्होंने दो NGO को मनरेगा के तहत छह करोड़ रुपये का अग्रिम भुगतान किया था। इन दोनों NGO में वेलफेयर पाइंट और प्रेरणा निकेतन शामिल है। यह राशि मूसली की खेती के लिए आवंटित की गई थी, जबकि इस तरह का कोई कार्य वहां नहीं हुआ था, जिसकी जांच अभी जारी है।इसके अलावा पलामू जिला में उपायुक्त रहते हुए पूजा सिंघल पर यह आरोप है कि उन्होंने करीब 83 एकड़ जंगल भूमि को निजी कंपनी को खनन के लिए ट्रांसफर किया था। यह कठौतिया कोल माइंस से जुड़ा मामला है। ED ने कोर्ट को बताया था कि इस मामले की भी जांच जारी है।

- Sponsored -

-sponsored-

Subscribe to our newsletter
Sign up here to get the latest news, updates and special offers delivered directly to your inbox.
You can unsubscribe at any time

- Sponsored -

Comments are closed.