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झारखंड: एक सप्ताह में चार भ्रष्ट पदाधिकारी एसीबी के हत्थे चढ़े

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सिटी पोस्ट लाइव, रांची: भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो( एसीबी) ने बीते एक सप्ताह में पांच भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार किया हैं। ब्यूरो मुख्यालय के एसपी चंदन कुमार ने बताया कि एक सप्ताह में एसीबी ने पांच भष्टाचारियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेजा है। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि कोई भी अधिकारी या पदाधिकारी रिश्वत की मांग करता है तो उसकी सूचना अविलंब एसीबी को दें ।

 केस-1

एसीबी ने 27 मई को गिरिडीह जिले के जरगुने पंचायत सचिव अवधेश यादव और मुखिया शंकर कुमार पटेल आठ हजार रुपए रिश्वत लेते गिरफ्तार किया था। सड़क निर्माण के कार्य का रुपए निकासी की एवज में रिश्वत लेने के मामले में दोनों को गिरफ्तार किया गया। इनके खिलाफ ललित कुमार पासवान ने ब्यूरो को लिखित शिकायत की थी।

केस- 2

एसीबी ने गत तीन जून को देवघर जिले के पथरोल थाना के एएसआई शंभू यादव को 2000 रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किया था। मारपीट और छेड़खानी के मामले को मैनेज करने के नाम पर एएसआई ने 10000 रुपये रिश्वत की मांग की थी। इस संबंध में चंदन कुमार ठाकुर ने ब्यूरो में शिकायत की थी। इसके बाद दुमका एसीबी टीम ने कार्रवाई करते हुए एएसआई को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।

केस-3

एसीबी की टीम ने तीन जून को ही हजारीबाग जिले के बरही के राजस्व कर्मचारी रागिनी कच्छप को 3000 रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किया था। जमीन की ऑनलाइन रसीद निर्गत करने की एवज में राजस्व कर्मचारी ने रिश्वत की मांग की थी। इस संबंध में अजय कुमार के शिकायत के बाद टीम ने रंगे हाथ रिश्वत लेते राजस्व कर्मचारी को गिरफ्तार किया था।

केस-4

टीम ने चार जून को भवन प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता रमेश चंद्र प्रसाद को पांच हजार रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किया था। भवन प्रमंडल गढ़वा द्वारा राजघाट प्रखंड के तार में गेट निर्माण का कार्य मिला था। काम पूरा होने के बाद बची हुई राशि दिलवाने की एवज में अभियंता ने रिश्वत की मांग की थी। इस संबंध में राम कुमार उपाध्याय ने ब्यूरो से शिकायत की थी।

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