डेयरी से लौट रहे थे कोचिंग संचालक, बाइक सवार अपराधियों ने वारदात को दिया अंजाम
सिटी पोस्ट लाइव
बिहार में अपराधियों के हौसले लगातार बुलंद हो रहे हैं। आए दिन हत्या और लूटपाट जैसी घटनाएं सामने आ रही हैं। इसी क्रम में, पटना जिले के धनरुआ थाना क्षेत्र में मंगलवार देर शाम एक शिक्षक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान रामचंद्र प्रसाद उर्फ गुरुजी (55) के रूप में हुई है, जो कि सिगरामपुर गांव के रहने वाले थे और कोचिंग चलाते थे। यह घटना उस वक्त हुई जब वे डेयरी से दूध देकर वापस अपने घर लौट रहे थे।
पुलिस के अनुसार, यह घटना मंगलवार शाम करीब 7 बजे की है। रोज की तरह रामचंद्र प्रसाद अशरफपुर डेयरी में दूध देने गए थे। जब वे वापस अपने गांव सिगरामपुर लौट रहे थे, तभी गांव के पास खंदा में पहले से घात लगाए अज्ञात अपराधियों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी।
स्थानीय लोगों के अनुसार, इस घटना को तीन बाइक सवार बदमाशों ने अंजाम दिया है। उन्होंने करीब 6 राउंड फायरिंग की, जिसमें से 3 से 4 गोलियां शिक्षक के सीने में जा लगीं। गोली की आवाज सुनकर जब तक लोग मौके पर पहुंचे, तब तक रामचंद्र प्रसाद की मौत हो चुकी थी। आनन-फानन में पुलिस और परिजनों को सूचित किया गया।
सूचना मिलते ही धनरुआ थानाध्यक्ष आलोक कुमार अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और घटनास्थल की जांच शुरू की। पुलिस ने मौके से खोखा भी बरामद किया है। हालांकि, अभी तक हत्या के पीछे का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। थानाध्यक्ष ने बताया कि वे सभी पहलुओं की जांच कर रहे हैं।
मृतक के परिजनों और ग्रामीणों ने पुलिस से जल्द से जल्द अपराधियों को गिरफ्तार करने की मांग की है। लोगों ने बताया कि रामचंद्र प्रसाद बहुत ही मिलनसार और विनम्र स्वभाव के व्यक्ति थे और उनकी किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी। वे अपने गांव और आसपास के इलाकों में ‘गुरुजी’ के नाम से जाने जाते थे। इस घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। आक्रोशित ग्रामीणों ने घटना के विरोध में सड़क जाम कर प्रदर्शन भी किया।
यह कोई पहली घटना नहीं है। बीते 28 अगस्त को भी दरभंगा के मनीगाछी प्रखंड में बीपीएससी शिक्षक राजेश कुमार ठाकुर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। ये घटनाएं बिहार में कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं।