बिहार में ठंड के साथ कोहरे ने जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। बुधवार सुबह राज्य के 10 से अधिक शहरों में घना कोहरा छाया रहा, जिससे सड़क और रेल यातायात पर असर पड़ा। बेगूसराय और बक्सर में विजिबिलिटी शून्य के करीब दर्ज की गई, जबकि आरा–मोहनिया फोरलेन पथ पर घने कोहरे के कारण चार गाड़ियाँ आपस में टकरा गईं। सौभाग्य से हादसे में कोई बड़ी जनहानि की सूचना नहीं है, लेकिन कोहरे के चलते यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।

आरा में कोइलवर पुल से छपरा मोड़ की ओर आ रहे एक कंटेनर ने सड़क किनारे खड़े ट्रक में जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में कंटेनर का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और चालक व क्लीनर केबिन में फंस गए। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों को सुरक्षित बाहर निकालकर इलाज के लिए अस्पताल भेजा। वहीं, पटना के बाढ़ अनुमंडल अंतर्गत मोकामा थाना क्षेत्र में फोरलेन पर घने कोहरे के चलते दो ट्रक और एक हाइवा की आपस में भिड़ंत हो गई। इस दुर्घटना में तीनों वाहनों के आगे के हिस्से क्षतिग्रस्त हो गए, जबकि दो चालकों के पैर टूटने और दो खलासियों के घायल होने की सूचना है।

प्रदेश में चल रही पछुआ हवाएं पहाड़ी इलाकों से ठंड अपने साथ ला रही हैं, जिससे बिहार में कनकनी तेज हो गई है। ठंडी हवाओं के असर से समस्तीपुर जिले में न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जबकि राज्य के पांच जिलों में पारा 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया। मौसम विज्ञान केंद्र ने चेतावनी दी है कि उत्तर-पूर्वी जिलों में आज भी घना कोहरा छाया रह सकता है, जिससे विजिबिलिटी शून्य के करीब पहुंचने की आशंका है। आने वाले सात दिनों तक मौसम में हल्का उतार-चढ़ाव बना रहेगा, हालांकि इसके बाद शीतलहर का प्रकोप बढ़ने की संभावना जताई गई है। इसी बीच, समस्तीपुर के पूसा में 7.9 डिग्री सेल्सियस के साथ राज्य का सबसे कम न्यूनतम तापमान रिकॉर्ड किया गया, जिसे इस सीजन की शुरुआती ठंड के अहम संकेतों में माना जा रहा है।