गरजे चिराग पासवान, कहा- बीपीएससी री-एग्जाम जरूरी

Manisha Kumari

सिटी पोस्ट लाइव

पटना: केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान ने बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) द्वारा आयोजित परीक्षा में हुई गड़बड़ी पर राज्य सरकार और बिहार लोक सेवा आयोग को आड़े हाथों लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि परीक्षा में लापरवाही के कारण छात्रों को भारी समस्याओं का सामना करना पड़ा है। चिराग पासवान ने कहा कि उनके परिवार के सदस्यों ने इस परीक्षा में हिस्सा लिया और बताया कि कैसे व्यवस्था में भारी खामियां थीं। उन्होंने कहा, अभ्यर्थियों की बातों को आयोग को सुनना चाहिए था, जो आयोग कान में तेल डालकर छात्रों की बात सुनने के लिए तैयार नहीं है। उन्होंने आयोग से अपील करते हुए छात्रों की बात सुनने की मांग की।

पुश नोटिफिकेशन के लिए सब्सक्राइब करें।

उन्होंने आयोग से अपील की कि छात्रों की समस्याओं को गंभीरता से सुना जाए और अगर कहीं कमी रह गई है तो उसे सुधारने का प्रयास किया जाए। चिराग ने कहा, “अगर किसी परीक्षा में एक नंबर का भी फायदा किसी छात्र को गलत तरीके से मिल जाता है, तो यह न केवल गलत है बल्कि पूरी परीक्षा प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर सवाल उठाता है।” उन्होंने कहा उनके भांजे और भांजी भी इस एग्जाम में शामिल हुए थे, उन्होंने मुझे बताया कि वहां किस तरीके से व्यवस्था में लापरवाही थी।

चिराग पासवान ने यह भी कहा कि कुछ केंद्रों पर प्रश्नपत्र तक उपलब्ध नहीं थे, और छात्रों को परीक्षा देने में असुविधा का सामना करना पड़ा। उन्होंने री-एग्जाम की मांग करते हुए कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि सभी परीक्षा केंद्रों में सही प्रक्रिया का पालन हो और SOP (Standard Operating Procedure) का पालन किया जाए।

बिहार लोक सेवा आयोग को लेकर चिराग ने कहा कि आयोग को छात्रों की बातों को गंभीरता से सुनना चाहिए। उन्होंने यह भी साफ किया कि वह हर मंच पर छात्रों की समस्याओं को उठाने का प्रयास कर रहे हैं, और बिहार लोक सेवा आयोग की भूमिका इस मुद्दे में सबसे महत्वपूर्ण है। चिराग पासवान ने कहा कि छात्रों के हक के लिए उन्हें लगातार संघर्ष करना होगा और राज्य सरकार को इस दिशा में ठोस कदम उठाने होंगे।

Share This Article