सिटी पोस्ट लाइव : गैंगस्टर चंदन मिश्रा हत्याकांड में शूटर तौसीफ बादशाह की 72 घंटों की रिमांड पूरी हो गई है. तौसीफ ने पुलिस के हर सवाल का जवाब दिया है. चंदन मिश्रा की हत्या से जुड़े लोगों की भूमिका क्या थी, इसको बारे में पुलिस ने तैसीफ से पूछताछ की है.मेडिकल कराने के बाद आज यानि शुक्रवार को तौसीफ को कोर्ट में पेश किया जाएगा. तौसीफ ने पुलिस को बताया है कि, वो निशु खान पर जान छिड़कता है. बिना रुपए के मर्डर करने के पीछे भी निशु के साथ उसका गहरा रिश्ता ही बड़ी वजह है. तौसीफ और निशु मौसेरे भाई हैं.
चंदन मिश्रा के गुर्गों को ये शक था कि गैंगस्टर पर अटैक हो सकता है.एक वायरल ऑडियो के अनुसार हत्या से पहले शेरू ने चंदन मिश्रा को फ़ोन किया था.जैसे ही उसने कहा-बाबा प्रणाम, कैसे हैं, चंदन मिश्रा ने कहा- मुझे पता है मेरी रेकी करवा रहे हो.फिर शुरू गई गाली गलौज.जाहिर है चंदन मिश्रा को ह्त्या की शाजिश की भनक लग चुकी थी.उसने अपने लोगों से शास्त्री नागार थाने को सूचना भी भेजी थी कि वह अपना ईलाज पारस हॉस्पिटल में करवा रहा है.उसे उम्मीद थी कि सूचना के बाद पुलिस उसके ऊपर निगरानी रखेगी. चंदन मिश्रा ने अपने लोगों को भी पटना बुला लिया था.उसके लोग खतरे की आशंका को देखते हुए अस्पताल के आस-पास ही ठहरे थे. घटना के कुछ देर बाद ही चंदन मिश्रा के लोग अस्पताल पहुंच गए थे. इतनी जल्दी बक्सर से पटना के पारस अस्पताल पहुंचना संभव नहीं था.
चंदन मिश्रा के लोग खतरे को देखते हुए अस्पताल में उसके साथ ही रहना चाहते थे लेकिन अस्पताल प्रबंधन ने उन्हें साथ रहने की इजाजत नहीं दी.चंदन मिश्रा के परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर भी मिलीभगत का आरोप लगाया है.सूत्रों के अनुसार चंदन मिश्रा के कमरे के बारे में शूटर तौसिफ को अस्पताल के एक कर्मचारी ने ही बताया था. पुलिस अस्पताल के गार्ड्स और कुछ कर्मचारियों से भी पूछताछ कर रही है.