सिटी पोस्ट लाइव :नाबालिग से रेप के आरोपी पूर्व विधायक राजबल्लभ यादव की रिहाई को लेकर सवाल उठने लगे हैं. नाबालिग से रेप मामले में गुरुवार को पूर्व विधायक की रिहाई के बाद पीड़िता के पिता ने आरोप लगाया है कि नीतीश कुमार की सरकार ने उनका साथ दिया था, तभी इतने दिनों तक राजबल्लभ यादव के खिलाफ वो केस लड़ पा रहे थे.लेकिन अब तो राज्य सरकार ने ही उन्हीहें बरी करवा दिया है ऐसे में मैं कुछ नहीं कर पा रहा हूँ. उन्होंने कहा कि उनके पास न तो पैसा है, न ही इतना सामर्थ्य है कि मैं दोबारा हाई कोर्ट या फिर सुप्रीम कोर्ट जाऊं. इतनी मेरी औकात ही नहीं है.
पीड़ित परिवार ने कहा कि सरकार ने अपने फायदे के लिए राजबल्लभ यादव को बरी करवाया है. आने वाले दिनों में राज्य में चुनाव होना है, इसलिए ये सबकुछ कराया गया है. पीड़िता के पिता ने बताया कि जब से ये पूरा मामला शुरू हुआ है, तब से मुझे काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा है.अब तक कोई हम लोगों का हाल भी नहीं देखने आता है कि हम लोग किस तरह से रह रहे हैं, किन परेशानियों का सामना कर रहे हैं. घटना के दौरान कहा गया था कि पीड़िता के बालिग होने पर उसे नौकरी दी जाएगी, लेकिन नौकरी भी नहीं मिली, जो भी आश्वासन दिया गया था, वो आश्वासन बनकर ही रह गया.सरकार के नुमाइंदों की ओर से पीड़िता को पढ़ाने-लिखाने और नौकरी दिलाने तक की बात कही गई थी. लेकिन सारी बातें कोरी साबित हुई. पीड़िता के पिता ने कहा कि सरकार से हमारी मांग है कि नामजद आरोपियों को सजा होनी चाहिए, वे पूरी तरह से दोषी है.
पीड़िता के पिता के अनुसार घटना के बाद से उनकी बेटी घर से भी बाहर नहीं निकलती है. वो घर पर ही रहकर काम्पिटिशन की तैयारी कर रही है. उन्होंने कहा कि राजबल्लभ यादव को बरी किए जाने के बाद अब हम लोग कहां जाएं, कौन हमारी मदद करेगा, किससे मदद मांगे, ये समझ नहीं आ रहा है.मामला 6 फरवरी 2016 का है. नालंदा जिले के सुल्तानपुर की रहने वाली 15 साल की लड़की बिहारशरीफ नगर इलाके में किराये के घर में रहकर पढ़ाई करती थी. उस दिन सुलेखा और उसकी मां उसके कमरे पर गईं थी. दोनों ने लड़की से बर्थडे पार्टी में चलने को कहा.लड़की ने भी हामी भर दी. लड़की को लेकर सुलेखा और उसकी मां नवादा के विधायक राजबल्लभ के मकान पर पहुंची. वहां राजवल्लभ ने लड़की के साथ रेप किया.
2016 में राजबल्लभ पर नाबालिग के साथ रेप का आरोप लगा था.7 फरवरी को सुलेखा ने लड़की को उसके घर बिहारशरीफ छोड़ा. उसे 30 हजार रुपए दिए और मुंह बंद करने की धमकी दी, लेकिन लड़की चुप नहीं रही. 9 फरवरी को उसने बिहारशरीफ के एक थाने में FIR दर्ज करा दी.10 फरवरी को पुलिस लड़की को लेकर नवादा स्थित राजबल्लभ के घर पहुंची. इसके बाद बच्ची को राजबल्लभ की फोटो दिखाई. लड़की ने फोटो देखकर राजबल्लभ को पहचान लिया.शिनाख्त के बाद डीआईजी ने राजबल्लभ को गिरफ्तारी के आदेश दे दिए.
अगले दिन फोरेंसिक टीम नवादा वाले घर पहुंची और जांच की। 15 फरवरी को राजद ने राजबल्लभ को पार्टी से हटा दिया. इसी दिन पुलिस ने सुलेखा के पति अरुण को गिरफ्तार किया गया.15 फरवरी को कोर्ट ने जमानत याचिका खारिज करते हुए, विधायक राजबल्लभ प्रसाद के खिलाफ सर्च वारंट जारी किया. 19 फरवरी को सुलेखा के दामाद संदीप को गिरफ्तार किया गया.25 फरवरी को सुलेखा समेत 4 लोग पकड़ लिए गए. 28 फरवरी को राजबल्लभ के पटना और नवादा के घर को सील कर लिया. राजबल्लभ अब भी फरार थे. 23 दिन तक फरार रहने के बाद 10 मार्च को उन्होंने कोर्ट में सरेंडर कर दिया.