सिटी पोस्ट लाइव
बाढ़: पूर्व बाहुबली विधायक अनंत सिंह को कोर्ट ने न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। वे कोर्ट से सुरक्षा घेरे से बाहर आए, जहां उनके समर्थक भी साथ थे। आज बाढ़ कोर्ट ने उन्हें 14 दिनों के लिए हिरासत में बेऊर जेल भेजने का आदेश दिया। पूर्व विधायक ने आत्मसमर्पण कर कोर्ट में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई थी। उनके खिलाफ गोलीबारी और फायरिंग सहित तीन मामले दर्ज हैं।अदालत ने अपना फैसला सुनाते हुए कहा कि कानून से कोई भी ऊपर नहीं है, चाहे वह कितना भी शक्तिशाली क्यों न हो।
अधिकारियों का कहना है कि अनंत सिंह की गिरफ्तारी कानून के शासन को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम है। उनके समर्थकों के बीच गहरा आक्रोश है। दरअसल, पूरा मामला सोनू सिंह का चिमनी के मुंशी के साथ एक साल से हिसाब किताब के विवाद को लेकर था । कई बार मुंशी थाने में शिकायत भी कर चुका था। पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया। विवाद बढ़ता गया।
वहीं सोनू सिंह ने बुधवार को मुंशी के घर जाकर उसकी पत्नी और बेटी के साथ मारपीट की और उन्हें घर से बाहर निकाल कर घर के दरवाजे पर ताला जड़ दिया। फिर क्या था मुंशी अनंत सिंह के दरबार में पहुँच गया। उसकी आपबीती सुनकर अनंत सिंह दलबल के साथ मुंशी के घर पहुँच गये। घर का ताला खोलवा दिया। मुंशी को फिर से उसके घर पर कब्ज़ा दिलाने के बाद अनंत सिंह सोनू-मोनू के घर पहुँच गये।
सोनू का आरोप है कि जब अनंत सिंह घर पहुंचे तो घर में कोई पुरुष नहीं था। उनकी माता अनंत सिंह का स्वागत करने पहुंची तो अनंत सिंह ने गोली चला दी। किसी तरह वो जान बचाकर भागी। लेकिन इस गोलीबारी में अनंत सिंह का एक करीबी घायल हो गया। वही आज यानी शुक्रवार सुबह तीन और पांच बचे अनंत सिंह और सोनू-मोनू गैंगबार के बीच गोलीबारी की घटना हुई। उसके बाद सोनू ने पुलिस के सामने खुद को सरेंडर कर था, वहीं कुछ घंटे बाद अनंत सिंह ने भी आत्मसमर्पण कर दिया। जिसके बाद पुलिस अनंत सिंह को बेऊर जेल लेकर लेकर गई थी।