सिटी पोस्ट लाइव : सारण जिले के भेल्दी थाना क्षेत्र के हकमा बिन टोली गांव में एकसाथ एक ही दिन दो चचेरी बहनों की शादी हो रही थी. बारात गाजे-बाजे के साथ धूमधाम से आई पहुंची थी. शादी की रस्में पूरी की जा रही थीं एक बहन का जयमाल हो रहा था तबतक अचानक दूसरी बहन का दुल्हा मंडप से फरार हो गया. किसी ने अफवाह उड़ा दी कि धीरज की होने वाली पत्नी आरती मंदबुद्धि है. दूल्हा बारातियों के साथ गाड़ी में बैठकर अपने गांव डोरीगंज की ओर निकल गया. किसी ने तत्काल इसकी सूचना भेल्दी थाना अध्यक्ष संदीप कुमार को दे दी. एकाएक पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच के बाद बारात पक्ष के आधा दर्जन लोगों को थाने ले आई.
शनिवार की सुबह जब लड़का पक्ष को पता चला कि उनके रिश्तेदार पुलिस की कस्टडी में है, तो वे भागे-भागे थाने पहुंचे. वहां थाना परिसर में पुलिसकर्मियों और दोनों पक्षों के जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में पंचायती हुई. लड़का पक्ष ने बताया कि उन्हें लड़की के मानसिक अस्वस्थ होने की जानकारी मिली है, इसीलिए वे शादी नहीं करना चाहते. तब जनप्रतिनिधियों ने आरती से सबके सामने बात कराई. आरती ने पूरे आत्मविश्वास के साथ अपनी बात रखी, जिससे साफ हो गया कि वह पढ़ी-लिखी और समझदार है और अफवाह झूठी निकली.
लड़के वालों को अपनी गलती का अहसास हुआ और इसके बाद समाज के लोगों के आग्रह पर बारात को दोबारा हकमा गांव लाया गया. इस बार बारातियों में पुलिसकर्मी और जनप्रतिनिधि भी शामिल थे. गांव में विधिवत मंडप सजाया गया जहां लोगों की भारी भीड़ जुटी हुई थी और महिलाओं ने वैवाहिक गीत गाकर पूरे माहौल को बदल दिया. जिस परिवार में कुछ देर पहले गम का माहौल था, वह अचानक खुशियों में बदल गया.