Gopal Khemka Murder Live Updates: अशोक साव की कॉल रिकॉर्डिंग में हुआ बड़ा खुलासा
सिटी पोस्ट लाइव : पुलिस ने गोपाल खेमका हत्याकांड में बड़ा खुलासा किया है. मंगलवार को पुलिस मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस में DGP विनय कुमार, ADG ऑपरेशन कुंदन कृष्णन, IG पटना रेंज जितेंद्र राणा, SSP कार्तिकेय शर्मा, और सिटी एसपी सेंट्रल दीक्षा मौजूद रहे. पुलिस इस हत्याकांड से जुड़े कई अहम पहलुओं पर जानकारी साझा की. इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में मामले की साजिश, आरोपी और आगे की कार्रवाई को लेकर बड़ी बातें सामने आईं हैं. DGP विनय कुमार ने दावा किया है कि ये हत्या जमीन विवाद के चलते हुई.
DGP विनय कुमार ने कहा कि बांकीपुर क्लब में एक सेकेंड का भी CCTV फुटेज नहीं मिला है. उन्होंने बताया कि क्लब में CCTV का कोई बैकअप सिस्टम नहीं था, जिससे घटना से जुड़ा कोई भी वीडियो नहीं मिल सका.यह काफी चिंता की बात है, और इसको लेकर क्लब मैनेजमेंट से बात की जाएगी.गोपाल खेमका मर्डर केस में अब तक की जांच में बड़ा खुलासा हुआ है. पुलिस की जांच में साफ हो गया है कि इस हत्याकांड के पीछे जमीन विवाद एक बड़ी वजह है.घटना के अगले ही दिन सिटी पोस्ट ने हत्या की वजह भूमि विवाद बताया था. अब पुलिस जांच में भी सामने आ रही है. इसके अलावा एक और जानकारी सामने आई है कि पिछले साल गोपाल खेमका ने अपने अंगरक्षक को खुद की मर्जी से हटा दिया था. जब बाद में उन्हें फिर से अंगरक्षक देने की बात कही गई, तब भी उन्होंने इससे इनकार कर दिया था.
गोपाल खेमका हत्याकांड में अब तक की जांच में मुख्य वजह जमीन का विवाद सामने आया है. पुलिस को मिले मोबाइल फोन की बातचीत से यह बात साफ हो गई है. प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पुलिस ने एक ऑडियो क्लिप भी सुनाई, जिसमें गोपाल खेमका और अशोक साव के बीच तेज बहस और गाली-गलौज होती सुनी गई. हालांकि अभी यह जांच जारी है कि किस जमीन को लेकर विवाद हुआ था. इसके अलावा पुलिस ने बताया कि अशोक साव का नाम पहले भी कई आपराधिक मामलों में आ चुका है. बिहार शरीफ में भी उनके खिलाफ कई केस दर्ज हैं, और वह मनोज कमलिया और संतोष हत्याकांड में भी संदेह के घेरे में रहे हैं.
DGP विनय कुमार ने बताया कि CCTV फुटेज के आधार पर मुख्य शूटर उमेश यादव को गिरफ्तार किया गया है. उमेश ने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल कर लिया है. पुलिस ने उमेश यादव के घर से 59 जिंदा कारतूस (गोलियां) भी बरामद किए हैं. उसे अग्रिम में 50,000 रुपये दिए गए थे और पूरी डील 4 लाख रुपये में तय हुई थी.उमेश को इस बात की पूरी जानकारी थी कि गोपाल खेमका हर दिन अकेले बांकीपुर क्लब जाते हैं और फिर घर लौटते हैं. इसी रूटीन के मुताबिक उन्होंने हमला किया. आरोपी अशोक साव के घर से पुलिस को कई जमीन के कागज़ात, हथियार और करीब 6 लाख रुपये नकद मिले हैं. पुलिस अब इन पैसों और दस्तावेजों की जांच कर रही है कि इनका हत्याकांड से क्या संबंध है.गोपाल खेमका की हत्याकांड को लेकर पुलिस ने दावा किया है कि मर्डर की प्लानिंग डेढ़ महीने पहले की गई थी. पुलिस ने दावा किया है कि ये जमीन विवाद से जुड़ा मामला है. दोनों पक्षों में जमीन को लेकर पहले से झगड़ा चल रहा था.