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बिहार विधानसभा चुनाव 2025 से पहले NDA में सीट बँटवारे को लेकर चल रही गहमागहमी के बीच, लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) LJP(R) ने एक बड़ा संगठनात्मक फैसला लिया है। पटना में हुई पार्टी की उच्च स्तरीय बैठक में राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान को सीट बँटवारे समेत अन्य सभी महत्वपूर्ण फैसले लेने के लिए अधिकृत कर दिया गया है।
चिराग का फैसला ही अंतिम
LJP(R) के वरिष्ठ नेता राजू तिवारी ने बैठक के बाद मीडिया को बताया कि सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं पर गहन चर्चा के बाद यह निर्णय लिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अब पार्टी के सभी कार्यकर्ता राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान के निर्णय का अटूट रूप से पालन करेंगे और संगठन में किसी भी प्रकार के भ्रम या असहमति की कोई गुंजाइश नहीं है।
राजू तिवारी ने कहा, “हमने सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की और राष्ट्रीय अध्यक्ष को अधिकार दे दिया है। अब कोई गर-मगर की स्थिति नहीं है। पार्टी एकजुट होकर चुनावी मैदान में उतरेगी।” यह फैसला ऐसे समय में आया है जब पार्टी NDA में सीटों की संख्या बढ़ाने के लिए लगातार दबाव बना रही है।
चुनावी रणनीति और बूथ मजबूती पर जोर
पार्टी की बैठक में चुनावी रणनीति और संगठन को मजबूत करने पर भी विस्तार से चर्चा हुई। पार्टी की सांसद शांभवी चौधरी ने बताया, “विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी की जो बैठक होती है कि कैसे विधानसभा चुनाव लड़ना है, उस ओर विस्तृत चर्चा हुई है। जितनी भी हमारी संभावित सीटों को लेकर हम तैयारी कर रहे हैं, वहाँ कैसे बूथों को मजबूत किया जाए, इस पर बात हुई।”
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि बैठक का सबसे महत्वपूर्ण निर्णय यही था कि राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान का जो भी फैसला विधानसभा चुनाव को लेकर होगा, वही अंतिम होगा।
NDA की बातचीत अभी जारी
NDA में सीट बँटवारे की अंतिम स्थिति पर शांभवी चौधरी ने कहा कि इस पर अभी बातचीत चल रही है। उन्होंने कहा, “राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कल ही कहा है कि उनकी बातचीत अभी चल रही है। ऐसे में कुछ कहने का कोई मतलब नहीं है। जब बातचीत फाइनल हो जाएगी तो औपचारिक रूप से बता दिया जाएगा।”
बैठक में LJP(R) के बिहार चुनाव प्रभारी और सांसद अरुण भारती की अध्यक्षता में पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी शामिल थे। चिराग पासवान को यह अधिकार मिलना यह दर्शाता है कि पार्टी सीटों की संख्या पर अंतिम फैसला लेने के लिए तैयार है और उसके बाद बिना किसी आंतरिक विरोध के चुनावी मैदान में उतरना चाहती है।