बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज एमएलसी पद से इस्तीफा देने के बाद एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम में शामिल होंगे। वे पटना यूनिवर्सिटी के नए प्रशासनिक और एकेडमिक भवन (कला संकाय) का उद्घाटन करेंगे। इन आधुनिक भवनों का निर्माण लगभग 147.29 करोड़ रुपये की लागत से पूरा हुआ है।

दरअसल, यह परियोजना विश्वविद्यालय के बुनियादी ढांचे को आधुनिक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है। प्रशासनिक भवन G+8 (ग्राउंड प्लस 8 मंजिल) का है, जबकि एकेडमिक भवन G+9 संरचना में बनाया गया है। उद्घाटन के बाद पटना यूनिवर्सिटी का मुख्यालय नए प्रशासनिक भवन में स्थानांतरित कर दिया जाएगा, जिससे वर्तमान कार्यालय की जगह यह नया परिसर लेगा। एकेडमिक भवन के शुरू होने के साथ ही दरभंगा हाउस में संचालित सभी स्नातकोत्तर (PG) विभागों को यहां शिफ्ट किया जाएगा। वहीं, वाणिज्य कॉलेज को अस्थायी रूप से दरभंगा हाउस में स्थानांतरित करने की योजना है, जिससे शैक्षणिक गतिविधियों का बेहतर पुनर्गठन हो सके। इन दोनों भवनों का निर्माण बिहार एजुकेशनल इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन द्वारा लगभग तीन एकड़ क्षेत्र में किया गया है।
विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. नमिता सिंह के अनुसार, भवनों को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया गया है। सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखते हुए हर मंजिल पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और एक केंद्रीकृत नियंत्रण कक्ष बनाया गया है। इसके अलावा शुद्ध पेयजल की व्यवस्था, मीटिंग हॉल, सेमिनार हॉल और अन्य आवश्यक शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। सभी मंजिलों तक पहुंच के लिए लिफ्ट की सुविधा दी गई है। ऊर्जा व्यवस्था को भी विशेष रूप से मजबूत किया गया है। परिसर में ही विद्युत सब-स्टेशन बनाया गया है और बिजली कटौती की स्थिति में सौर ऊर्जा प्लांट का उपयोग किया जाएगा। इसके साथ ही पर्याप्त पार्किंग की सुविधा और एक सुंदर गार्डन का भी निर्माण किया जा रहा है, जिससे परिसर का वातावरण और अधिक आकर्षक और अनुकूल बनेगा।