सिटी पोस्ट लाइव : बीजेपी के पूर्व राज्यसभा सांसद आरके सिन्हा की तबीयत खराब हो गई उन्हें दिल्ली के मैक्स हॉस्पिटल के ICU में भर्ती कराया गया है. 17 जनवरी को उन्हें ब्रेन स्ट्रोक आया था.उसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया. उनका उसी रात ऑपरेशन किया गया. हाल में ही आरके सिन्हा ने अपने बेटे ऋतुराज के साथ आरा स्थित आवास में दही चूड़ा का भोज दिया था.बीजेपी से बगावत कर काराकाट से निर्दलीय चुनाव लड़ने वाले पावर स्टार पवन सिंह भी इस भोज में शामिल हुए थे.
ब्रेन स्ट्रोक के बाद पूर्व सांसद का ऑपरेशन हुआ है. ब्रेन स्ट्रोक का मतलब है कि हमारे ब्रेन की आर्टरीज के फटने से या ब्लॉकेज के कारण ब्रेन सेल्स तक पहुंचने वाला ब्लड फ्लो रुक गया है. इससे ब्रेन तक ऑक्सीजन सप्लाई रुक जाती है और ब्रेन सेल्स मरने लगती हैं.इसके लक्षण बहुत तेजी से और बिना किसी चेतावनी के सामने आते हैं. स्ट्रोक के लक्षण जितनी जल्दी पहचान लिए जाएं, पेशेंट को उतनी ही जल्दी और सही डायरेक्शन में ट्रीटमेंट मिल सकता है. इससे पेशेंट को बचाना भी आसान होता है.
अगर मरीज स्ट्रोक के साढ़े 4 घंटे के भीतर अस्पताल पहुंच जाए तो उसकी ब्लॉक हुई आर्टरीज में ब्लड फ्लो फिर से शुरू किया जा सकता है. अगर किसी व्यक्ति को स्ट्रोक हुआ है तो इसके शुरुआती लक्षण चेहरे पर और चेहरे के आसपास के अंगों में नजर आते हैं. इससे चेहरे का एक हिस्सा सुन्न पड़ सकता है और उस हिस्से पर कंट्रोल खत्म हो सकता है.भ्रम की स्थिति बन सकती है, बोलने में मुश्किल हो सकती है. अचानक एक या दोनों आंखों में धुंधलापन हो सकता है. कई बार चक्कर आने लगते हैं और चलने में मुश्किल होने लगती है