बिहार में सत्ता परिवर्तन के बाद सम्राट चौधरी ने मुख्यमंत्री पद संभालते ही प्रशासनिक कामकाज में सक्रियता दिखानी शुरू कर दी है। शपथ ग्रहण के बाद बुधवार को वे मुख्य सचिवालय स्थित सभागार पहुंचे, जहां उन्होंने राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक अहम बैठक की। इस बैठक में शासन-प्रशासन से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हुई। साथ ही उन्होंने कई जरूरी फाइलों पर हस्ताक्षर कर यह संकेत दिया कि नई सरकार तुरंत फैसले लेने के मूड में है।

इससे पहले, राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सय्यद अता हसनैन (सेवानिवृत्त) ने लोकभवन में आयोजित एक भव्य समारोह में उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समेत एनडीए के कई प्रमुख नेता और गणमान्य लोग उपस्थित रहे। समारोह में नई सरकार के गठन को लेकर उत्साह और राजनीतिक महत्व दोनों साफ तौर पर दिखाई दिया। सम्राट चौधरी बिहार के 24वें मुख्यमंत्री बने हैं। उनके नेतृत्व में राज्य में पहली बार भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनी है, जो राज्य की राजनीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव माना जा रहा है। नई कैबिनेट में विजय चौधरी और विजेंद्र यादव को उपमुख्यमंत्री बनाया गया है। दोनों नेताओं ने भी मंत्री पद की शपथ ली और अब वे सरकार में अहम जिम्मेदारियां निभाएंगे।
मुख्यमंत्री बनने पर नीतीश कुमार ने सोशल मीडिया के जरिए सम्राट चौधरी को शुभकामनाएं दीं। अपने संदेश में उन्होंने कहा कि उन्हें विश्वास है कि सम्राट चौधरी के नेतृत्व में बिहार विकास की नई ऊंचाइयों को छुएगा और देश के सबसे विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल होगा। कुल मिलाकर, नई सरकार के गठन के साथ ही प्रशासनिक स्तर पर तेज़ी और सक्रियता देखने को मिल रही है। शुरुआती बैठकों और फैसलों से यह संकेत मिल रहा है कि सरकार विकास, सुशासन और त्वरित निर्णय लेने पर विशेष ध्यान देने जा रही है।