सिटी पोस्ट लाइव
पटना : 24 अप्रैल को राजद के युवराज तेजस्वी यादव कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम जाएंगे और सीट शेयरिंग पर कांग्रेस और महागठबंधन के दूसरे दलों के साथ मीटिंग करेंगे. ऐसा पहली बार हो रहा है कि जब लालू प्रसाद यादव एम्स में इलाजरत हैं, तो सीटोंं की शेयरिंग वाली मीटिंग जो अबतक सिर्फ़ और सिर्फ़ लालू प्रसाद यादव के आवास राबड़ी आवास पर होती थी, वह कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम में होने जा रही है। हालांकि, इस मीटिंग से पहले कांग्रेस विधायक दल के नेता शकील अहमद खान ने एक बार फिर महागठबंधन के मुख्यमंत्री चेहरे पर बड़ा बयान दे दिया है। शकील अहमद खान ने कहा है कि महागठबंधन के मुख्यमंत्री पद का चेहरा एक प्रक्रिया है और प्रक्रिया के तहत यह सभी बातें सही समय पर होंगी। शकील अहमद खान ने कहा कि कुछ चीज बाद में तय होती हैं। ऐसा नहीं है कि मैं सिर्फ़ मुख्यमंत्री पद की बात कर रहा हूं लेकिन हम लोग एकजुट हैं। हम लोग जनता के बीच जाएंगे. इस सरकार के खिलाफ सड़क पर उतरेंगे। उन्होंने एक और अहम जानकारी दी कि 24 अप्रैल को बैठक से पहले 23 अप्रैल को भी हम लोगों ने एक बड़ी बैठक बुला ली है। यह मीटिंग तेजस्वी यादव के आवास पर होगी। इस बैठक में कई महत्वपूर्ण चर्चा और फ़ैसले होंगे। अब जब 24 अप्रैल को मीटिंग हो ही रही है, तो 23 अप्रैल को मीटिंग क्यों बुलाई गई और इसकी जगह के तौर पर तेजस्वी यादव के आवास को क्यों चुना गया। इसके गहरे मायने हैं। दरअसल अब तक ऐसा कभी हुआ नहीं था कि राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव सीटों की शेयरिंग पर बात करने कांंग्रेस के दफ़्तर गए हो, लेकिन इस बार लालू की अनुपस्थिति में यह हो रहा है के राजद के युवराज सीटों की शेयरिंग पर मीटिंग करने कांग्रेस के मुख्यालय सदाकत आश्रम जाएंगे। अब तेजस्वी यादव का कांग्रेस मुख्यालय जाकर मीटिंग करना कहीं उन्हें राजनीतिक रूप से कमज़ोर न दिखा दे। इसलिए इस मीटिंग से ठीक पहले एक और मीटिंग 23 अप्रैल को तेजस्वी यादव के आवास पर रखी गई है। मतलब अब भी कांग्रेस और राजद के बीच साइकलॉजिकल वॉर जारी है, देखिए कौन किस पर कितना दवाब बना पाता है।
24 से पहले अब 23 को तेजस्वी के घर जुटेंगे महागठबंधन के दिग्गज़ नेता, अहम मीटिंग