बिहार की राजनीति के एक युग का केंद्र रहा ‘1 अणे मार्ग’ अब अपनी हलचल को नए पते यानी ‘7 सर्कुलर रोड’ की ओर मोड़ रहा है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा के लिए निर्वाचित होने के बाद, यह बदलाव न केवल उनके आवास का है, बल्कि बिहार की सियासत में एक नई भूमिका के आगाज का भी संकेत है।
नीतीश कुमार और 7 सर्कुलर रोड;
नीतीश कुमार के लिए यह परिसर नया नहीं है। वे पहले भी केंद्रीय मंत्री और मुख्यमंत्री के रूप में यहाँ समय बिता चुके हैं। इस जगह से उनकी पुरानी यादें जुड़ी हैं, और यहाँ की व्यवस्था व माहौल उनके कार्य करने की शैली के अनुकूल है। यह बंगला न केवल एक आवास है, बल्कि सादगी और आधुनिक सुविधाओं का एक बेहतरीन संतुलन है, जहाँ से बिहार की आगामी राजनीतिक और सामाजिक गतिविधियों को दिशा मिलेगी।
7 सर्कुलर रोड की प्रमुख विशेषताएं;
1) सुरक्षा का अभेद्य किला:
यह बंगला पटना के ‘हाई सिक्योरिटी जोन’ में स्थित है। ऊँची दीवारें, सीसीटीवी निगरानी, नियंत्रित प्रवेश द्वार और विशेष सुरक्षा बलों की तैनाती इसे वीआईपी सुरक्षा के लिहाज से बेहद सुरक्षित बनाती है।
2) प्रकृति और सादगी का संगम:
नीतीश कुमार को हरियाली और शांति पसंद है। इस बंगले में विशाल लॉन, छायादार पेड़ और एक सुंदर तालाब (छठ पूजा के लिए विशेष) है, जो उनके शांत व्यक्तित्व और जीवनशैली से मेल खाता है।
19 वर्षों के सत्ता केंद्र का स्थानांतरण;
लगभग दो दशकों तक ‘1 अणे मार्ग’ बिहार के शासन और प्रशासन की धुरी बना रहा। अब सत्ता के गलियारे 7 सर्कुलर रोड की ओर शिफ्ट हो रहे हैं। राज्यसभा सदस्य के रूप में नीतीश कुमार का यहाँ से काम करना राज्य की राजनीति में एक ‘नई पारी’ की शुरुआत माना जा रहा है