सिटी पोस्ट लाइव
बिहार विधानसभा चुनाव में जनसभाओं का दौर तेज होते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को रक्सौल और नरकटिया में आयोजित जनसभाओं में आरजेडीकांग्रेस गठबंधन पर तीखा प्रहार किया। योगी ने कहा कि जिन्होंने “लालटेन की केरोसिन बेचकर बिहार को अंधेरे में झोंक दिया था”, वही अब जनता का “राशन हजम करने” लौट आए हैं। उन्होंने इस चुनाव को “सुशासन बनाम जंगलराज” की लड़ाई करार देते हुए कहा कि बिहार को अब अंधेरे से निकालकर विकास और समृद्धि के रास्ते पर आगे बढ़ाना है, और यह कार्य केवल एनडीए की डबल इंजन सरकार ही कर सकती है।
सीएम योगी ने कहा कि 1990 से 2005 के बीच बिहार जातीय संघर्ष, अपहरण, नरसंहार और डकैती से जूझता रहा। “यह वही लोग हैं जो लालटेन की धुंधली रौशनी में बिहार को जातीय नफरत में झोंकते थे, और अब नई पैकिंग में वोट मांगने आए हैं।” उन्होंने कहा कि बिहार की जनता अब समझदार है, जो विकास और विरासत के साथ खड़ी है।
योगी आदित्यनाथ ने एनडीए की सरकार के कार्यों को गिनाते हुए कहा कि बिहार ने बीते वर्षों में सड़क, रेल, एयर कनेक्टिविटी, मेडिकल और शिक्षा के क्षेत्र में बड़ी प्रगति की है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की तरह बिहार में भी सुशासन से रोजगार और निवेश का माहौल बनेगा। “हमने यूपी में 8.5 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी और 2 करोड़ से अधिक को स्वरोजगार दिया है, अब वही मॉडल बिहार में भी लागू करना है।”
विपक्ष पर तंज कसते हुए सीएम योगी बोले, “जो पहले चारा खा गए, अब राशन खाने आए हैं। उन्होंने युवाओं को बेरोजगारी और अपराध के अंधेरे में धकेला, अब फिर वही अराजकता लौटाना चाहते हैं।” उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने “विरासत और विकास” दोनों को साथ लेकर चलने की परंपरा दी है। राम मंदिर और सीतामढ़ी में जानकी मंदिर का निर्माण इसी दृष्टिकोण का प्रतीक है।
योगी ने प्रधानमंत्री मोदी की योजनाओं की चर्चा करते हुए कहा कि “80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन, 50 करोड़ को ₹5 लाख तक की स्वास्थ्य सुविधा, 4 करोड़ घरों में बिजली और 3 करोड़ को आवास” देना एनडीए सरकार की उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि महागठबंधन अब “नौकरी के नाम पर धोखा” देने निकला है, जो जमीन और चारा हड़प गए, वे नौकरी क्या देंगे।
अंत में उन्होंने लोगों से अपील की कि रक्सौल में “कमल” और नरकटिया में “तीर” पर बटन दबाकर एनडीए प्रत्याशियों को विजयी बनाएं। “जो राम का है, वही हमारे काम का है, जो राम का नहीं, वह हमारे किसी काम का नहीं,” कहते हुए उन्होंने सभा में मौजूद जनता से सुशासन और विकास के लिए समर्थन मांगा।