सिटी पोस्ट लाइव
बिहार में शीतलहर और कड़ाके की ठंड के चलते जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित हो गया है। गया जिले में सोमवार को मौसम का अब तक का सबसे कम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि अधिकतम तापमान 16.8 डिग्री सेल्सियस रहा। लगातार ठंड के कारण आम लोग दिन-रात परेशान हैं। खासकर सुबह और शाम के समय ठंड का असर अधिक महसूस किया जा रहा है, जिससे लोगों को बाहर निकलने में परेशानी हो रही है।
गया जिले में लगातार पांचवे दिन घने कोहरे और बादलों की वजह से सूर्य देव के दर्शन नहीं हो सके। इसके कारण धूप का आभाव बना हुआ है, और तापमान में गिरावट जारी है। मौसम विभाग के मुताबिक, पछुआ और पुरवैया हवाओं के कारण धूप नहीं निकल पा रही है, जिससे ठंड और भी बढ़ गई है। फिलहाल शीतलहर की स्थिति में किसी प्रकार की राहत की संभावना नहीं है, और अगले कुछ दिनों तक ठंड का असर जारी रहने की संभावना जताई गई है।
इस बढ़ती ठंड का असर खासकर गरीब, बुजुर्ग और छोटे बच्चों पर ज्यादा हो रहा है। सुबह और शाम के समय सड़कों पर आवाजाही कम हो गई है। लोग गर्म कपड़े पहनकर और अलाव जलाकर ठंड से बचाव कर रहे हैं। वहीं, मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और ठंड से बचने के उपाय अपनाने की अपील की है। मौसम के इस दौर में अलाव, गर्म कपड़े और गर्म आहार लेना जरूरी हो गया है।
गया के नागरिकों और आसपास के क्षेत्रों में इस कड़ाके की ठंड के बीच ठंड से बचने के उपायों को लेकर जागरूकता बढ़ाने की जरूरत है। खासकर बच्चों और बुजुर्गों को ठंड से बचने के लिए अधिक सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।