सांसद पप्पू यादव की जमानत पर आज फैसला: पटना की अदालत में सुनवाई, बिहार में सियासी पारा चढ़ा

Ritu Raj

सिटी पोस्ट लाइव
पूर्णिया के निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव की दो दिनों की न्यायिक हिरासत की अवधि आज समाप्त हो रही है। उनके जमानत आवेदन पर पटना की अदालत सोमवार को अहम सुनवाई करेगी। अदालत आज यह तय करेगी कि सांसद को रिहा किया जाए या उन्हें अभी जेल (न्यायिक हिरासत) में ही रहना होगा। इस कानूनी प्रक्रिया के बीच पूरे बिहार में राजनीतिक गहमागहमी तेज हो गई है।

31 साल पुराना मामला और गिरफ्तारी का घटनाक्रम
पप्पू यादव को 6-7 फरवरी की दरम्यानी रात पटना के मंदिरी स्थित उनके आवास से गिरफ्तार किया गया था। यह कार्रवाई साल 1995 में दर्ज एक धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश के मामले में की गई है। आरोप है कि इस पुराने मामले में लगातार अदालत में अनुपस्थित रहने के कारण उनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया गया था। फिलहाल, तबीयत बिगड़ने की वजह से सांसद को पटना मेडिकल कॉलेज और हॉस्पिटल (PMCH) में भर्ती कराया गया है।

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सड़कों पर उतरा जन-आक्रोश
पप्पू यादव की गिरफ्तारी के विरोध में रविवार को बिहार के विभिन्न जिलों जैसे जहानाबाद, सुपौल, मधेपुरा और अररिया में व्यापक प्रदर्शन हुए। ‘युवा क्रांति’ संगठन और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने साझा रूप से जन आक्रोश मार्च निकाला। प्रदर्शनकारियों ने बिहार के उपमुख्यमंत्री और गृह मंत्री सम्राट चौधरी का पुतला फूंका और सरकार विरोधी नारेबाजी की। समर्थकों का आरोप है कि नीट (NEET) छात्रा के साथ हुए दुष्कर्म और हत्या के मामले में न्याय की आवाज उठाने के कारण पप्पू यादव को जानबूझकर निशाना बनाया जा रहा है।

विपक्ष हमलावर, सत्ता पक्ष का बचाव
इस मुद्दे पर बिहार का विपक्षी खेमा एकजुट नजर आ रहा है:

कांग्रेस: पार्टी ने इस गिरफ्तारी को “लोकतंत्र पर हमला” करार देते हुए कहा कि सरकार सच बोलने वाली आवाजों को दबा रही है।

आरजेडी: राष्ट्रीय जनता दल ने भी पप्पू यादव का समर्थन किया है और इसे राजनीतिक प्रतिशोध की कार्रवाई बताया है।

सत्ता पक्ष (NDA): दूसरी ओर, एलजेपी-आर नेता चिराग पासवान और एनडीए के अन्य नेताओं का कहना है कि यह एक विशुद्ध कानूनी प्रक्रिया है और इसका राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है।

आज होने वाली सुनवाई पर सबकी नजरें टिकी हैं, क्योंकि इसका असर न केवल पप्पू यादव के राजनीतिक भविष्य पर, बल्कि बिहार की आगामी कानून-व्यवस्था और राजनीति पर भी पड़ेगा।

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