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बिहार विधानसभा चुनाव की राजनीतिक गहमागहमी के बीच भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री से एक बड़ी खबर सामने आई है। सुपरस्टार खेसारी लाल यादव ने पटना में मीडिया से बातचीत के दौरान ऐलान किया है कि उनकी पत्नी चंदा देवी राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के टिकट पर विधानसभा चुनाव लड़ सकती हैं। इस बड़े राजनीतिक घोषणा के साथ ही खेसारी लाल ने अपने प्रतिद्वंद्वी पवन सिंह के भाजपा में शामिल होने की अटकलों पर भी तंज कसा।
खेसारी की पत्नी चंदा देवी RJD से लड़ेंगी चुनाव
बिहार विधानसभा चुनाव की सरगर्मियां तेज होते ही राजनीतिक दल अपनी ताकत मजबूत करने में जुटे हैं, वहीं बयानबाजी का दौर भी तेज है। मीडिया से बात करते हुए खेसारी लाल यादव ने बताया कि उनकी पत्नी चंदा देवी राजनीति में उतरने की तैयारी कर रही हैं और वह आरजेडी के टिकट पर चुनाव लड़ सकती हैं। हालांकि, उन्होंने यह साफ नहीं किया कि वह किस सीट से चुनाव लड़ेंगी। खेसारी लाल के इस ऐलान ने बिहार की राजनीति में एक नया समीकरण खड़ा कर दिया है, क्योंकि उनकी पत्नी का चुनाव लड़ना भोजपुरी प्रशंसकों के बड़े वर्ग को सीधे राजनीति से जोड़ सकता है।
पवन सिंह पर तारीफ के लहजे में तंज
इन दिनों राजनीतिक गलियारों में भोजपुरी के दूसरे पावरस्टार पवन सिंह के भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल होने की चर्चा जोरों पर है। मंगलवार को पवन सिंह ने राष्ट्रीय लोक मोर्चा के प्रमुख और राज्यसभा सदस्य उपेंद्र कुशवाहा से दिल्ली में उनके आवास पर मुलाकात की थी, जिसके बाद से ये खबरें तेज हो गईं।
पवन सिंह की इस संभावित राजनीतिक एंट्री पर खेसारी लाल यादव ने मौके का फायदा उठाते हुए तंज कसा। खुशमिजाज अंदाज में उन्होंने कहा, “पहले वो (पवन सिंह) गायक थे, लेकिन अब वो राजनेता हो गए हैं। अब उनका पावर वहां से शुरू होगा।” यह बात उन्होंने तारीफ के लहजे में कही, लेकिन इसका सीधा इशारा पवन सिंह के बढ़ते राजनीतिक कद और ‘पावरस्टार’ की उपाधि में आए बदलाव की ओर था।
राजनीति में न दुश्मन, न दोस्त, सिर्फ बिजनेस
खेसारी लाल यादव ने पवन सिंह और उपेंद्र कुशवाहा की मुलाकात को लेकर कहा कि यह उनका व्यक्तिगत मामला है। उन्होंने टिप्पणी करते हुए कहा कि, “उस समय भी वो सही थे। मुझे लगता है कि इस समय भी वो शायद सही होंगे। उनकी अपनी विचारधारा है।” इसके बाद खेसारी लाल ने राजनीति की अपनी समझ को स्पष्ट करते हुए कहा कि “राजनीति में कोई दुश्मन नहीं है और मुझे लगता है कि कोई हित भी नहीं है।”
उन्होंने कलाकारों और जनता के बीच की गलतफहमी पर भी बात की। उन्होंने कहा कि हम लोग एक राजनेता के लिए “बेवजह के ही लड़ जाते हैं,” जबकि उनके (नेताओं के) मन में एक दूसरे के प्रति कभी गलत नहीं होता। खेसारी लाल ने राजनीति की कठोर सच्चाई बताते हुए कहा कि “राजनीति में ना तो इमोशन होता है और ना ही दर्द होता है। इसमें सिर्फ बिजनेस और धंधे होते हैं।” उन्होंने अंत में स्पष्ट किया कि “मेरा काम अलग है, मैं कलाकार हूं।”
बहरहाल, खेसारी लाल यादव की पत्नी का चुनाव लड़ने का ऐलान बिहार की राजनीति में भोजपुरी इंडस्ट्री के बढ़ते दखल को दर्शाता है, वहीं पवन सिंह पर उनका तंज दोनों सितारों के बीच की शीत युद्ध को भी उजागर करता है।