पूर्णिया में मंगलवार को कांग्रेस कार्यालय गोकुल कृष्ण आश्रम में महागठबंधन के कांग्रेस प्रत्याशियों की संयुक्त चुनावी बैठक आयोजित हुई। बैठक की अगुआई पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने की। इस दौरान जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों से कांग्रेस प्रत्याशी, वरिष्ठ नेता और सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने गठबंधन धर्म का पालन करते हुए कई सीटें छोड़ी हैं, अब चारों सीटों पर महागठबंधन की जीत तय है।
पूर्णिया में महागठबंधन के कांग्रेस प्रत्याशियों की संयुक्त बैठक में सांसद पप्पू यादव ने अगुआई करते हुए सभी प्रत्याशियों और पदाधिकारियों को जोरदार संदेश दिया। नेताओं और कार्यकर्ताओं से कहा गया कि वे हर घर, हर बूथ तक जाकर कांग्रेस के मूल्य और मेनिफेस्टो को लोगों तक पहुंचाएं और प्रत्याशियों के समर्थन में सक्रिय रूप से प्रचार करें। बैठक में पूर्णिया सदर से जितेंद्र यादव, कसबा से मो इरफान आलम, अमौर से पूर्व विधायक अब्दुल जलील मस्तान और बनमनखी से देवनारायण रजक ने बारी-बारी से अपनी रणनीति और संकल्प साझा किया, जिससे कार्यकर्ताओं में उत्साह और जोश देखने को मिला। हालांकि, बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में सांसद पप्पू यादव ने साफ कहा कि अधिकांश पार्टियों ने टिकट बंटवारे में धनबल, बाहुबल और भाई-भतीजावाद को तरजीह दी, जबकि कांग्रेस ने गठबंधन धर्म का पालन करते हुए अपनी कई सीटें छोड़ दीं। उन्होंने यह भी बताया कि सिटिंग एमएलए का टिकट कट गया है।
दरअसल, विशेष रूप से उन्होंने कहा कि पूर्णिया ऐसी इकलौती सीट है, जहां कांग्रेस चार सीटों पर चुनाव लड़ रही है। उन्होंने पूरे आत्मविश्वास के साथ दावा किया कि पूर्णिया के सभी चार सीटें जीतेंगे। उन्होंने चारों उम्मीदवारों का नाम लेकर कहा: पूर्णिया सदर से कांग्रेस प्रत्याशी जितेंद्र यादव, कसबा से मो इरफान आलम, अमौर से पूर्व विधायक अब्दुल जलील मस्तान और बनमनखी से देवनारायण रजक की जीत सुनिश्चित है।