तेज प्रताप यादव के रहस्यमयी ट्वीट से मचा सियासी भूचाल क्या परिवार में बढ़ रही है दरार?

Deepak Sharma

सिटी पोस्ट लाइव
राष्ट्रीय जनता दल (राजद) सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे और बिहार के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री तेज प्रताप यादव ने एक ऐसा ट्वीट किया है, जिसने राजनीतिक गलियारों में खलबली मचा दी है। तेज प्रताप यादव का यह ट्वीट न सिर्फ विरोधियों की ओर संकेत करता है, बल्कि इसमें उन्होंने अप्रत्यक्ष रूप से अपने ही परिवार पर भी सवाल उठाए हैं, जिससे बिहार की राजनीति में कई नए सवाल खड़े हो गए हैं।

ट्वीट का संदेश: चुप्पी नहीं, चेतावनी
तेज प्रताप यादव ने ट्वीट में लिखा: “मेरी खामोशी को मेरी कमजोरी समझने की भूल करने वालों, यह मत समझना कि मुझे तुम्हारी साजिश का पता नहीं है। शुरुआत तुमने की है, अंत मैं करूंगा। झूठ और फरेब से बने इस चक्रव्यूह को तोड़ने जा रहा हूं, तैयार रहना। सच सामने आने वाला है। मेरी भूमिका मेरी प्यारी जनता और सर्वोच्च न्यायालय तय करेगा, कोई दल या परिवार नहीं।”

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पारिवारिक दरार के संकेत?
इस ट्वीट में तेज प्रताप ने पहली बार स्पष्ट रूप से यह कहा कि उनकी भूमिका “कोई दल या परिवार” नहीं, बल्कि जनता और सुप्रीम कोर्ट तय करेगा। यह संकेत काफी बड़ा है क्योंकि राजद एक पारिवारिक पार्टी के रूप में जानी जाती है और पार्टी में फैसले परिवार के भीतर ही होते आए हैं। ऐसे में यह बयान परिवार के आंतरिक विवाद या असहमति की ओर इशारा करता है।

कौन है ‘साजिशकर्ता’? क्या यह सीधे-सीधे तेजस्वी पर हमला?
तेज प्रताप यादव लंबे समय से अपने छोटे भाई तेजस्वी यादव से मतभेदों को लेकर चर्चा में रहे हैं। हालांकि उन्होंने कभी खुलकर नाम नहीं लिया, लेकिन कई बार उनके बयानों और ट्वीट्स से यह आभास मिला है कि उन्हें पार्टी और परिवार में दरकिनार किया जा रहा है। ऐसे में यह नया ट्वीट एक बार फिर उसी नाराजगी का संकेत माना जा रहा है।

‘चक्रव्यूह’ क्या है? और ‘सच’ क्या सामने आएगा?
तेज प्रताप द्वारा इस्तेमाल किए गए शब्द—”चक्रव्यूह”, “साजिश”, “झूठ और फरेब”, यह संकेत करते हैं कि वह किसी गहरे राजनीतिक षड्यंत्र का खुलासा करने की ओर बढ़ रहे हैं। उन्होंने यह भी लिखा है कि “सच सामने आने वाला है”, जिससे अटकलें तेज हो गई हैं कि आने वाले दिनों में वे किसी बड़े खुलासे की तैयारी में हैं।

राजनीति में नई हलचल की तैयारी?
इस ट्वीट के बाद राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि तेज प्रताप यादव किसी बड़े राजनीतिक कदम की तैयारी कर रहे हैं। क्या वह राजद से अलग होकर कोई नई राह अपनाएंगे? क्या वह परिवार के खिलाफ खुलकर मोर्चा खोलेंगे? ये सारे सवाल अभी अनुत्तरित हैं, लेकिन इतना तय है कि बिहार की राजनीति में हलचल बढ़ चुकी है।

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