सिटी पोस्ट लाइव
कफ सिरप कांड में एमपी सरकार ने बड़ा एक्शन लिया है। 12 मासूमों की मौत के बाद सरकार ने सिरप पर रोक लगा दी है। वहीं, मुख्यमंत्री मोहन यादव ने खुद सोशल मीडिया पर इसकी जानकारी दी है।
12 बच्चों की मौत से हड़कंप मचने के बाद एमपी सरकार ने सख्त कदम उठाया है। कफ सिरप पीने से मासूमों की जान चली गई थी, जिसके चलते सरकार ने Coldrif सिरप पर प्रतिबंध लगा दिया है। मध्यप्रदेश और राजस्थान में हुई इन घटनाओं में कुल 12 बच्चों की मौत हुई थी, जिनमें से अधिकतर की उम्र 5 साल से कम थी। इस मामले में सीएम मोहन यादव ने सोशल मीडिया के जरिए इस बात की जानकारी दी है। उन्होंने अपने एक्स अकाउंट पर जानकारी देते हुए कहा- ‘कोल्ड्रिफ सिरप बनाने वाली फैक्ट्री तमिलनाडु के कांचीपुरम में स्थित है। हादसे के तुरंत बाद मध्य प्रदेश सरकार ने तमिलनाडु सरकार को जांच के लिए सूचित कर दिया था। जांच रिपोर्ट आज सुबह (4 सितंबर) को आ गई है। जिसके आधार पर कंपनी और उसके उत्पादों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया गया है।’ उन्होंने गे कहा कि “छिंदवाड़ा में कोल्ड्रिफ सिरप के कारण हुई बच्चों की मृत्यु अत्यंत दुखद है। इस सिरप की बिक्री को मध्य प्रदेश में बैन कर दिया गया है। सिरप को बनाने वाली कंपनी के अन्य प्रोडक्ट की बिक्री पर भी बैन लगाया जा रहा है।”

हालांकि, मासूमों की मौत के बाद प्रशासन ने स्थानीय स्तर पर कार्रवाई तेज कर दी है। वहीं, राज्य स्तर पर भी जांच समिति बनाई गई है। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों को कड़ी सज़ा दी जाएगी। वहीं, कोल्ड्रिफ कफ सिरप से एमपी और राजस्थान में 12 से ज्यादा बच्चों की मौत हुई। अधिकांश की उम्र 5 साल से कम थी। जांच में सामने आया कि सिरप पीने से किडनी फेल हुई। सरकार ने सिरप की जांच कराई थी, जिसकी रिपोर्ट आज आ गई।