सिटी पोस्ट लाइव
BCCI ने 2026 टी20 विश्व कप से पहले ब्रोंको टेस्ट शुरू किया है। इसको लेकर इंडियन टीम में हलचल मची हुई है। वहीं, अब इसको लेकर अफ्रीका के दिग्गज खिलाड़ी ने अपनी बात रखी रखी है। आइए जानते है क्या है ब्रोंको टेस्ट।
दरअसल, अगले साल होने वाले टी20 विश्व कप शुरू होने से पहले भारतीय टीम की फिटनेस के लिए ब्रोंको टेस्ट को शामिल किया है। जिसको लेकर पूर्व खिलाड़ियों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। वहीं, अब अफ्रीका और आरसीबी के पूर्व खिलाड़ी एबी डिविलियर्स ने भी इसको लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस टेस्ट के बारे में कहा- जब टीम ने मुझे इसके बारे में बताया तो मैंने कहा, ‘ये ब्रोंको टेस्ट क्या होता है?’ लेकिन जब उन्होंने मुझे समझाया तो मुझे तुरंत समझ आ गया। मैं तो ये टेस्ट सोलह साल की उम्र से करता आ रहा हूं। यहां साउथ अफ्रीका में हम इसे स्प्रिंट रिपीट एबिलिटी टेस्ट कहते हैं। आगे उन्होंने कहा कि ये सबसे खराब एक्सरसाइज में से एक है जो आप कर सकते हो। मुझे बहुत अच्छे से याद है साउथ अफ्रीका की ठंडी सुबहों में इसे करना काफी मुश्किल होता था। मैंने प्रिटोरिया यूनिवर्सिटी और SuperSport Park में ये टेस्ट दिया है। वहां ऑक्सीजन बहुत कम होता है। जो कि समुद्र लेवल से कुल 1500 मीटर ऊपर है। ऐसे में टेस्ट के दौरान ऑक्सीजन की कमी और फेफड़ों में जलन साफ महसूस होती थी। वहीं, कुछ दिन पहले भारत के पूर्व क्रिकेटर मनोज खिलाड़ी ने तो इस टेस्ट के बारे में यहां तक कह दिया है कि यह रोहित शर्मा और उन जैसे खिलाड़ियों को साल 2027 विश्व कप प्लानिंग से बाहर रखने के लिए शुरू किया है। हालांकि, यह टेस्ट भारतीय टीम के स्ट्रेंथ एंड कंडीशनिंग कोच एड्रिपयन ली रॉक्स के सुझाव पर ब्रॉन्को टेस्ट लागू किया गया है।
जानकारी के लिए बता दें कि ब्रोकों टेस्ट मूल रूप से रग्बी प्लेयर्स के लिए होता है। यह टेस्ट एक तरह से एरोबिक रनिंग ड्रिल है, जिसकी मदद से खिलाड़ी का स्टेमिना, स्पीड और हर्ट की स्थिति को जाना जा सकता है। इस टेस्ट में 20 मीटर, 40 मीटर और 60 मीटर की शटल दौड़ होती है। एक सेट में तीन दूरियों को दौड़ना होता है और प्लेयर को ऐसे पांच सेट बिना रुके कंपलीट करने होते हैं। इस तरह से कुल मिलाकर खिलाड़ी को 1,200 मीटर बिना आराम किए दौड़ना होता है। सबसे बड़ी बात है कि इस टेस्ट को 6 मिनट के अंदर खिलाड़ी को पूरा करना होता है। वैसे, यह टेस्ट यो-यो टेस्ट से बिल्कुल अलग है।