पटना हाईकोर्ट में 70वीं बीपीएससी प्रारंभिक परीक्षा को दोबारा आयोजित करने को लेकर दायर याचिका पर आज (5 फरवरी) एक बार फिर सुनवाई नहीं हो सकी। आज इस मामले की सुनवाई होनी थी, लेकिन कोर्ट न बैठने की वजह से यह फिर से टल गई।
पटना हाई कोर्ट में दायर याचिका में बिहार लोक सेवा आयोग की प्रारंभिक परीक्षा रद्द कर पुनः आयोजित करने की मांग की गई थी। पहली सुनवाई में उच्च न्यायालय ने बिहार लोक सेवा आयोग और राज्य सरकार को जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया था। इस पर आज सुनवाई होनी थी, लेकिन कोर्ट न बैठने के कारण यह संभव नहीं हो सका।
पिछली सुनवाई में कोर्ट ने कहा था कि यदि प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम घोषित होता है, तो याचिका के अंतिम निर्णय का उस पर असर पड़ सकता है।
न्यायाधीश के अनुपस्थित रहने के कारण टली थी सुनवाई
हाईकोर्ट में 70वीं बीपीएससी प्रारंभिक परीक्षा को दोबारा आयोजित करने को लेकर दायर याचिका पर 4 फरवरी को भी फिर सुनवाई नहीं हो सकी थी। बताया जा रहा है कि न्यायाधीश के अनुपस्थित रहने के कारण सुनवाई टाल दी गई थी। संभावना जतायी जा रही थी कि यह सुनवाई 5 फरवरी को हो सकती है।
पहले भी टल चुकी है सुनवाई
इससे पहले भी यह सुनवाई स्थगित हो चुकी है। परीक्षा रद्द करने और पुनः परीक्षा आयोजित करने के मामले में राज्य सरकार और बिहार लोक सेवा आयोग द्वारा दायर जवाबी हलफनामे पर आज सुनवाई होनी थी। लेकिन, 31 जनवरी को न्यायाधीश की अनुपस्थिति के चलते भी सुनवाई नहीं हो पाई थी।
अभ्यर्थियों की मांग – परीक्षा रद्द हो और फिर से आयोजन किया जाए
अभ्यर्थियों का कहना है कि प्रारंभिक परीक्षा में गड़बड़ी हुई है, इसलिए इसे रद्द कर दोबारा परीक्षा कराई जाए। पटना हाईकोर्ट ने इस संबंध में दायर याचिका को स्वीकार कर लिया था और 16 जनवरी को हुई सुनवाई में बिहार सरकार एवं बीपीएससी को 30 जनवरी तक अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया था।
धरना प्रदर्शन जारी, उम्मीदवारों को फैसले का इंतजार
परीक्षा रद्द करने और पुनर्परीक्षा की मांग को लेकर अभ्यर्थी पटना के गर्दनीबाग में लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। हालांकि, 70वीं बीपीएससी पीटी परीक्षा का परिणाम पहले ही जारी किया जा चुका है। धरने पर बैठे अभ्यर्थियों का कहना है कि वे अपनी मांग को लेकर अंतिम समय तक संघर्ष करेंगे।
13 दिसंबर 2024 को हुई थी परीक्षा
70वीं बीपीएससी प्रारंभिक परीक्षा 13 दिसंबर 2024 को आयोजित की गई थी, जिसमें कुल 912 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। हालांकि, पटना के बापू परीक्षा केंद्र की परीक्षा रद्द कर दी गई थी और केवल इसी केंद्र पर पुनः परीक्षा आयोजित की गई थी। इस आंशिक पुनर्परीक्षा से भी कई अभ्यर्थी असंतुष्ट हैं और पूरे राज्य में दोबारा परीक्षा कराने की मांग कर रहे हैं।