सिटी पोस्ट लाइव : दिवंगत दलित नेता रामविलास पासवान के परिवार में संपति के बटवारे को लेकर आरपार की लड़ाई शुरू हो चुकी है.chirag पासवान और चाचा पशुपति पारस आमने सामने हैं.दोनों एक दूसरे को मिटटी में मिला देने पर तुले हुए हैं.आज चिराग पासवान के जीजा सांसद आरुण भारती ने चाचा पारस पर जमकर निशाना साधा.उनकी बेनामी सम्पति की जांच की मांग तक कर दी.फिर क्या था पशुपति पारस ने भी सारी मर्यादा तोड़ दी.उन्होंने कहा कि पहले अरुण भारती बताये कि उसका पिता कौन हैं.क्याया नाम है उसका? कहाँ से उसके पास इतनी सम्पति आई.
रामिलास पासवान के छोटे भाई स्प्रिंवर्सगीय रामचंद्र पासवान के बेटे ,पूर्व सांसद प्रिंस पासवान ने भी जमकर चिराग पर हमला किया.उन्होंने कहा कि चिराग भैया 70 लाख की घडी पहनते हैं और बात करते हैं मेरी बेनामी संपति का.उन्होंने कहा कि मंत्री पद पर कौन रहा है और किसने कमाई की है, सबको पता है.चिराग पासवान और मेरी संपति का जांच सरकार करवा ले सच्चाई सामने आ जायेगी.इस लड़ाई में अगर chirag के बहनोई अरुण भारती कूद पड़े हैं तो दुसरे जीजा साधू पासवान चचा पारस के साथ खड़े हो गये हैं.उन्होंने अरुण भारती और चिराग पासवान की बेनामी संपति का सारा ब्यौरा अपने पास होने का दवा किया है.इतना ही नहीं उन्होंने रामविलास पासवान के पहली पत्नी राजकुमारी देवी से तलाक के पेपर को भी फर्जी बता दिया है.
जिस तरह से पासवान फैमली में जंग जारी है ,एक दुसरे को तबाह कर देने की योजना पर काम चल रहा है, स्वर्गीय रामविलास पासवान से जुड़े लोग चिंतित हैं.उनका कहना है कि ये फॅमिली आपस में ही लड़कर बर्बाद हो जायेगी.दोनों पक्ष एक दुसरे की बेनामी सम्पति को उजागर करने में जुटे हैं.एक दुसरे की बुराई उजागर करने में जुटे हैं.रामविलास पासवान के दो दामाद चिराग के साथ खड़े हैं तो तीसरा दामाद चाचा पारस के साथ खड़ा है.साधू पासवान ने कहा कि रामविलास पासवान जी और राजकुमारी देवी के तलाक के पेपर पर राजकुमारी देवी का न तो अंगूठा का निशाँ है और ना ही उनका हस्ताक्षर.उन्होंने कहा कि पासवान जी के पेंशन का हकदार राजकुमारी देबी हैं न कि दूसरी पत्यानी रीना पासवान.