क्या आपने कभी सोचा है, फल पर लगे स्टीकर का क्या मतलब होता है?…

Ritu Raj

क्या आपने कभी फलों पर लगे छोटे-छोटे स्टीकर पर ध्यान दिया है? ये स्टीकर न सिर्फ फल की पहचान होते हैं, बल्कि इनमें छिपे होते हैं कई महत्वपूर्ण जानकारी के कोड! अक्सर हम इन्हें बिना सोचे-समझे हटा देते हैं, लेकिन क्या आपने कभी यह सोचा है कि इन स्टीकर पर लिखे गए नंबर या बार कोड का क्या मतलब होता है? दरअसल, इन स्टीकरों का उद्देश्य सिर्फ फल की पहचान ही नहीं, बल्कि आपकी सेहत और खरीदारी के अनुभव को भी बेहतर बनाना है। जानिए, फलों पर लगे ये स्टीकर आखिरकार क्यों होते हैं और इनसे आपको क्या फायदा हो सकता है।

बता दें कि यह छोटे-छोटे कोड हमें यह जानकारी देने में मदद करते हैं कि फल किस प्रकार से उगाए गए हैं, उनकी खेती की विधि क्या थी, और उनका विकास किस तरह से हुआ। इन कोड्स को पीएलयू कोड (PLU Code) कहा जाता है, जो आमतौर पर फलों और सब्जियों के स्टीकर पर पाए जाते हैं। दरअसल, पीएलयू का पूरा नाम है प्राइस लुकअप कोड (Price Look-Up Code), और इसे इंटरनेशनल फेडरेशन फॉर प्रोड्यूस स्टैंडर्ड्स (International Federation for Produce Standards) द्वारा विकसित किया गया था। इसका मुख्य उद्देश्य खुदरा विक्रेताओं को चेकआउट के समय फलों और सब्जियों की पहचान करने में मदद करना है। इन कोड्स से न केवल यह पता चलता है कि फल या सब्जी कितने का है, बल्कि यह भी साफ हो जाता है कि वह फल किस प्रकार से उगाया गया है। यह कोड हमें यह भी बताता है कि फल जैविक (Organic) है, रासायनिक रूप से उपचारित (Chemically treated) है, या आनुवंशिक रूप से संशोधित (Genetically Modified)*है। इस कोड का पहला अंक यह बताता है कि फल किस प्रकार की खेती से आया है। अगर कोड का पहला अंक 9 है, तो इसका मतलब है कि फल जैविक तरीके से उगाया गया है। अगर पहला अंक 8 है, तो यह फल आनुवंशिक रूप से संशोधित है। और यदि कोड चार अंकों का है (जैसे 4011), तो इसका मतलब है कि फल सामान्य खेती के तरीके से उगाया गया है और इसमें किसी प्रकार का जैविक या आनुवंशिक बदलाव नहीं किया गया है। हालांकि, इस तरह से, पीएलयू कोड सिर्फ बिलिंग के लिए ही नहीं, बल्कि उपभोक्ताओं को उनके खाए जाने वाले फलों और सब्जियों के बारे में सूचित करने के लिए भी महत्वपूर्ण होते हैं।

पुश नोटिफिकेशन के लिए सब्सक्राइब करें।

दरअसल, यदि फल के स्टीकर पर 9 से शुरू होने वाली पांच अंकों की संख्या है, तो वह 100% जैविक फल है, जो प्राकृतिक रूप से उगाया गया है। चार अंकों की संख्या का मतलब है कि फल पारंपरिक खेती से उगाया गया है, जिसमें रासायनिक कीटनाशकों और उर्वरकों का इस्तेमाल हो सकता है। लेकिन जैविक फलों जितने पोषक या साफ नहीं होते। कभी-कभी 8 से शुरू होने वाली पांच अंकों की संख्या दिखाई देती है, जो यह बताती है कि फल आनुवंशिक रूप से संशोधित (GMO) किया गया है।

Share This Article