PMCH में 37 बेड का नया चर्म रोग वार्ड और 270 बेड का अत्याधुनिक मेडिसिन वार्ड शुरू

Ritu Raj

सिटी पोस्ट लाइव
बिहार की राजधानी पटना के सबसे बड़े चिकित्सा संस्थान, पटना मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (PMCH), में स्वास्थ्य सेवाओं के आधुनिकीकरण की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। अस्पताल परिसर में मंगलवार को 37 बेड वाला नया चर्म रोग इनडोर वार्ड शुरू किया गया, जिससे त्वचा संबंधी गंभीर रोगों से जूझ रहे मरीजों को अत्याधुनिक सुविधाएं मिल सकेंगी।

चर्म रोग वार्ड के उद्घाटन के पहले ही दिन, 16 से अधिक मरीजों को इस नए वार्ड में भर्ती किया गया। उद्घाटन समारोह में पीएमसीएच के अधीक्षक डॉ. आईएस ठाकुर और चर्म रोग विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. अनुपमा सिंह मौजूद रहीं, जिन्होंने सुविधाओं का निरीक्षण किया। अधीक्षक डॉ. ठाकुर ने बताया कि यह इनडोर वार्ड अब टी-1 टावर में स्थानांतरित किया गया है, जो पहले दरभंगा हाउस के मुख्य गेट के पास स्थित था।

पुश नोटिफिकेशन के लिए सब्सक्राइब करें।

आधुनिक सुविधाओं से लैस चर्म रोग वार्ड:

नए चर्म रोग वार्ड में मरीजों को स्किन इन्फेक्शन, दवाओं के रिएक्शन, एलर्जी और जलने जैसी त्वचा समस्याओं का बेहतर उपचार मिलेगा। इस आधुनिक वार्ड की शुरुआत से मरीजों को स्वच्छ, सुरक्षित वातावरण और बेहतर देखभाल सुनिश्चित होगी। अधीक्षक ने जोर देकर कहा कि पुराने वार्डों में मरीजों की स्थिति बिगड़ने पर डॉक्टर तक पहुंचने में जो देरी होती थी, वह समस्या अब पूरी तरह समाप्त हो गई है। नए वार्ड में नियमित मॉनिटरिंग और चिकित्सक एवं नर्सिंग स्टाफ की त्वरित पहुंच जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं।

270 बेड के मेडिसिन वार्ड का भी शुभारंभ:

पीएमचएस में स्वास्थ्य सुविधाओं का यह विस्तार सिर्फ चर्म रोग विभाग तक ही सीमित नहीं है। पिछले सप्ताह ही, अस्पताल के टी-1 भवन के दूसरे और चौथे तल पर 270 बेड का नया मेडिसिन वार्ड भी शुरू किया गया था। यह मेडिसिन वार्ड पूरी तरह से अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस है।

वार्ड में पूरी तरह वातानुकूलित (AC) कमरे उपलब्ध हैं, जहाँ आधुनिक मॉनिटरिंग सिस्टम की सुविधा दी गई है। प्रत्येक बेड पर सुरक्षा के लिए अलार्म की व्यवस्था भी की गई है। अलार्म बजते ही नर्सिंग स्टाफ तुरंत मरीज के पास पहुंचकर आवश्यक उपचार शुरू कर सकता है, जिससे गंभीर स्थिति में तुरंत डॉक्टर को सूचित कर जीवन बचाया जा सकता है।

स्वास्थ्य सेवा में क्रांति की पहल:

पीएमसीएच प्रशासन का मानना है कि इन नए मेडिसिन और चर्म रोग वार्ड की शुरुआत से गंभीर और जटिल मामलों में मरीजों की जान बचाने में काफी मदद मिलेगी। यह पहल बिहार में सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार करेगी। मरीजों और उनके परिजनों को अब बेहतर और तेज उपचार मिलेगा, जिससे अस्पताल में भर्ती मरीजों की सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित होगी।

अस्पताल प्रशासन ने यह स्पष्ट किया है कि यह कदम बिहार में स्वास्थ्य सेवा में तकनीकी सुधार और बेहतर सुविधा पर जोर देने का हिस्सा है। आधुनिक उपकरणों, प्रशिक्षित स्टाफ और व्यवस्थित प्रक्रियाओं के साथ, पीएमसीएच अब मरीजों के लिए अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक माहौल तैयार कर रहा है।

Share This Article