बिहार चुनाव से पहले बढ़ा NDA में पारा! टिकट को लेकर टिकी दिग्गजों की निगाहें, 2 महीने बाद ही होगा भाग्य का फैसला
सिटी पोस्ट लाइव : एनडीए के घटक दलों के बीच सीट बटवारे का फॉर्मूला तय हो जाने की खबरें लगातार सामने आ रही हैं. लेकिन सच्चाई ये है कि अभितक सीट बटवारे को लेकर कोई बातचीत शुरू नहीं हुई है.सूत्रों के अनुसार जुलाई महीने मे सीट शेरिंग को लेकर बैठक शुरू होगी.सभी सहयोगी दलों के नेता साथ बैठेंगे और एक दूसरे के दावे पर गंभीरता से विचार कारेगें.
सूत्रों के अनुसार सीट शेयरिंग को लेकर एनडीए में आधिकारिक तौर पर अभी कोई फार्मूला नहीं बना है पर एनडीए के संबंधित नेताओं का कहना है कि इसमें कोई दिक्कत नहीं. अगस्त के दूसरे हफ्ते तक बैठने का सिलसिला आरंभ होगा. यह संभावना है कि मंत्रणा को लेकर दिल्ली की जगह पटना में ही बैठक होगी. सभी दलों के नेता पटना में ही आकर ऐसी जगह बैठक करेंगे जो सभी के लिहाज से सहज रहेगा.एनडीए नीतीश कुमार के चेहरे के साथ इस वर्ष होने वाले विधानसभा चुनाव लड़ेगा ये तय है. लेकिन मुख्यमंत्री कौन बनेगा अभी ते होना बाकी है. दिल्ली मे अमित शाह की पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत मे एक बड़ी बात सामने आई है. पत्रकारों ने अमित शाह से पूछा- मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ही रहेंगे ? अमित शाह का जबाब- अभी तो वहीं हैं मुख्यमंत्री. अमित शाह के एक लाइन के इस जबाब से साफ है कि अभी तो नीतीश कुमार मुख्यमंत्री हैं लेकिन आगे कौन होगा तय नहीं है.
जेडीयू और बीजेपी 100 से काम सीटों पर चुनाव नहीं लड़ेंगे . .40 से 42 सीटों मे ही बाकी दलों के बीच बटवारा होना है. चिराग पासवान को 28 से 30 सीटें मिल सकती हैं. 10 से 12 सीटों मे से जितन राम मांझी और उपेन्द्र कुशवाहा को संतोष करना पड़ेगा. जाहीर है मांझी को कुशवाहा से ज्यादा सीटें मिलेंगी.कुशवाहा को केन्द्रीय मंत्रिमंडल मे जगह मिल सकती है.
एनडीए के सभी पांच दल जिसमें जदयू, भाजपा, हम , लोजपा (आर) व रालोमो है ने आंतरिक रूप से अपनी सीटों को लेकर रिपोर्ट तैयार कर रखी है. गाहे-बगाहे जिला स्तर पर होने वाले सम्मेलनों में इसकी चर्चा भी होती रही है. दावे की रिपोर्ट पर निचले स्तर पर चर्चा होती रहेगी पर मुहर दिग्गजों की बैठक में ही लगेगी.एनडीए के दिग्गजों का कहना है कि अगले एक माह तक अलग-अलग स्तर पर एनडीए की जो बैठकें होंगी उसमें आपसी समन्वय पर चर्चा होगी. बूथ स्तर पर वोट को किस तरह से ट्रांसफर करने में सहूलियत हो इस बारे में चर्चा होगी.