सिटी पोस्ट लाइव
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सुरक्षा व्यवस्था में आज एक बड़ी चूक सामने आई है। राजधानी पटना में लाल बहादुर शास्त्री को उनकी जयंती पर श्रद्धांजलि अर्पित करने के दौरान एक अज्ञात व्यक्ति अचानक मुख्यमंत्री के बेहद करीब पहुंच गया। इस अप्रत्याशित घटना से कुछ देर के लिए हड़कंप मच गया और राज्य के सबसे बड़े पद पर आसीन व्यक्ति की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
यह घटना उस वक्त हुई जब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार शास्त्री जी को श्रद्धांजलि देने के बाद मंच से नीचे उतर रहे थे। हर महत्वपूर्ण सार्वजनिक कार्यक्रम की तरह इस कार्यक्रम में भी कड़ी सुरक्षा व्यवस्था थी, जिसमें विशेष सुरक्षा समूह (Special Security Group – SSG) के जवान और स्थानीय पुलिस बल तैनात थे। इसके बावजूद, एक व्यक्ति सुरक्षा घेरे को तोड़ते हुए मुख्यमंत्री की ओर तेजी से बढ़ गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, वह व्यक्ति कागज लिए हुए था और सीधे मुख्यमंत्री को कुछ देने या उनसे बात करने की कोशिश कर रहा था। मुख्यमंत्री इस अचानक हुई गतिविधि से कुछ पल के लिए अचंभित रह गए। इससे पहले कि वह व्यक्ति मुख्यमंत्री के बहुत करीब पहुंच पाता, वहां मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे धर दबोचा। सुरक्षा बलों की तत्परता से स्थिति पर तुरंत काबू पा लिया गया, लेकिन यह घटना राज्य के सर्वोच्च कार्यकारी अधिकारी की सुरक्षा के लिए बनाए गए मजबूत तंत्र पर संदेह पैदा करती है।
राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि बिहार जैसे राज्य में, जहां राजनीतिक और सामाजिक माहौल अक्सर गर्म रहता है, मुख्यमंत्री की सुरक्षा में इस तरह की सेंध लगना स्वीकार्य नहीं है। यह घटना सिर्फ एक सुरक्षा चूक नहीं, बल्कि गवर्नेंस और प्रशासन की गंभीरता पर भी प्रश्नचिन्ह लगाती है। प्रशासन को इस मामले की गहन जांच कर, भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा प्रोटोकॉल को और भी मजबूत करने की आवश्यकता है।