सिटी पोस्ट लाइव
बिहार विधानसभा चुनाव के गहमागहमी भरे माहौल के बीच जहानाबाद से एक बड़ी खबर सामने आई है। असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रत्याशी मोहम्मद कलाम उद्दीन को नामांकन दाखिल करने के तुरंत बाद गिरफ्तार कर लिया गया। कलाम उद्दीन जहानाबाद विधानसभा सीट से AIMIM के टिकट पर मैदान में थे।
यह घटना सोमवार को नामांकन प्रक्रिया के अंतिम दिन हुई, जिसने पूरे राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी। पुलिस ने नगर परिषद जहानाबाद के पूर्व उपाध्यक्ष रहे मो. कलाम उद्दीन को हत्या के प्रयास के एक पुराने मामले में आरोपित मानते हुए गिरफ्तार किया। बताया गया है कि यह मामला काको थाना क्षेत्र से संबंधित है। काको थानाध्यक्ष राहुल कुमार ने गिरफ्तारी की पुष्टि की है।
गिरफ्तारी के बाद बिगड़ी तबीयत, पीएमसीएच रेफर
पुलिस ने जैसे ही कलाम उद्दीन को गिरफ्तार कर सदर थाना लाया, उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। उन्हें अचानक दिल का दौरा (हार्ट अटैक) पड़ा, जिसके बाद पुलिस महकमे में अफरा-तफरी मच गई। आनन-फानन में उन्हें जहानाबाद के सदर अस्पताल ले जाया गया। हालांकि, स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ड्यूटी पर मौजूद चिकित्सकों ने उन्हें तत्काल पटना स्थित पीएमसीएच (PMCH) रेफर कर दिया।
कलाम उद्दीन की गिरफ्तारी और उसके बाद तबीयत बिगड़ने की खबर जंगल में आग की तरह फैल गई। उनके समर्थक आक्रोशित हो गए और जहानाबाद सदर अस्पताल तथा थाना क्षेत्र के आसपास जमकर हंगामा किया। समर्थकों ने इस गिरफ्तारी को राजनीतिक साजिश करार दिया है। उनका आरोप है कि चूंकि कलाम उद्दीन मुस्लिम समाज में अच्छी पकड़ रखते हैं और AIMIM उन्हें अपना उम्मीदवार बनाकर इस सीट पर मुकाबले को त्रिकोणीय बनाने की तैयारी में थी, इसलिए उन्हें जानबूझकर फंसाया गया है।
जहानाबाद में पहली बार हुई ऐसी कार्रवाई
राजनीतिक पंडितों के अनुसार, नामांकन प्रक्रिया के तुरंत बाद किसी प्रत्याशी की गिरफ्तारी की यह जहानाबाद में पहली घटना है, जिसने चुनावी माहौल को और गरमा दिया है। जाफरगंज निवासी कलाम उद्दीन लंबे समय से सामाजिक रूप से सक्रिय रहे हैं और AIMIM ने उनकी लोकप्रियता को देखते हुए उन्हें टिकट दिया था।
पुलिस ने फिलहाल पूरे मामले पर विस्तृत टिप्पणी करने से परहेज़ किया है। हालांकि, पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर इस गिरफ्तारी की कार्रवाई को अंजाम दिया गया। समर्थकों का भारी जमावड़ा सदर अस्पताल पहुँच गया, जहाँ उनकी तबीयत खराब होने की खबर मिली थी।
नामांकन के बाद हुई यह गिरफ्तारी और हार्ट अटैक की घटना अब जहानाबाद विधानसभा क्षेत्र में एक बड़ा चुनावी मुद्दा बनने की संभावना है। एक तरफ जहां AIMIM और उसके समर्थक इसे सत्ताधारी दल की ‘प्रतिशोध की राजनीति’ बता रहे हैं, वहीं दूसरी ओर पुलिस इसे एक पुराने कानूनी मामले में हुई नियमित कार्रवाई बता रही है।