DM को कैसी मिली सजा, गेहूं की कटाई करते आये नजर, विडियो हुआ वायरल.

City Post Live

सिटी पोस्ट लाइव : किसी जिले का डीएम अगर अपने हाथ में हसुआ लिए खुद गेहूं की कटाई करता दिखे तो इसका क्या मतलब. क्या डीएम को खेती करने का शौक पैदा हो गया है या फिर वो मज़बूरी में खेतों में गेहूं की कटनी खुद कर रहा है.एक ऐसी ही तस्वीर social मीडिया में वायरल है.इस विडियो में डीएम खुद गेहूं की फसल की कटाई करते हुए दिखाई दे रहे हैं.ये विडियो सहरसा जिले के सत्तरकटैया प्रखंड के  विशनपुर पंचायत के संतपुर गांव की है.दरअसल,  जिलाधिकारी वैभव चौधरी क्रॉप कटिंग करते नजर आ रहे हैं.

दरअसल, क्रॉप कटिंग अभियान के तहत किसान मनोज कुमार के खेत में जाकर खुद डीएम वैभव चौधरी ने गेहूं की फसल काटी और उपज का निरीक्षण किया.जिलाधिकारी वैभव चौधरी ने किसान मनोज कुमार के खेत में स्वयं हंसिया लेकर गेहूं की कटाई की. उन्होंने बताया कि जिले के हर अनुमंडल में गेहूं के खेत से कटाई कर उपज का नमूना लिया जाएगा. साथ ही, सभी प्रखंडों में प्रत्येक पंचायत के पांच-पांच खेतों में क्रॉप कटिंग करके प्रति एकड़ गेहूं की उपज का अनुमान लगाया जाएगा.

पुश नोटिफिकेशन के लिए सब्सक्राइब करें।

जिलाधिकारी ने बताया कि फसल उपज का जायजा रैंडम विधि द्वारा लिया जा रहा है ताकि  फसल कटाई प्रयोग उत्पादन, उपज दर और क्षति का सही  आकलन किया जा सके. इसके लिए संभावित रैंडम पद्धति से प्लॉट का चयन किया जाता है, जिसमें प्लॉट का आकार 10 मीटर लंबा और 5 मीटर चौड़ा होता है, यानी कुल 50 वर्ग मीटर.50 वर्ग मीटर में की गई कटनी में कुल 13 किलो 450 ग्राम गेहूं की उपज पाई गई, जिससे प्रति हेक्टेयर 26 क्विंटल 900 ग्राम उत्पादन का आंकलन किया गया.

javascript:false जिलाधिकारी ने स्थानीय किसानों के साथ बातचीत करके उनकी समस्याओं की जानकारी ली और उनसे कृषि योजनाओं और कार्यक्रमों पर फीडबैक भी प्राप्त किया. उन्होंने कहा कि किसान हमारे अन्नदाता हैं और उन्हें अपनी उपज का उचित मूल्य मिले और उनकी आय में वृद्धि हो, इसके लिए पूरी गंभीरता से काम किया जा रहा है.

Share This Article