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बाहुबली से नेता बने अनंत कुमार सिंह, जिन्हें उनके समर्थक ‘छोटे सरकार’ के नाम से जानते हैं, ने बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में मोकामा विधानसभा सीट से जदयू (जनता दल यूनाइटेड) उम्मीदवार के रूप में अपना नामांकन दाखिल कर दिया है। उनके द्वारा चुनाव आयोग को सौंपे गए हलफनामे के अनुसार, उन्होंने 37.88 करोड़ रुपये की चल और अचल संपत्ति घोषित की है।
अनंत सिंह ने यह नामांकन जदयू द्वारा आधिकारिक रूप से उम्मीदवारों की सूची जारी करने से पहले ही मंगलवार को दाखिल कर दिया था। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, उन्होंने जदयू के शीर्ष नेतृत्व से सिंबल (चुनाव चिन्ह) मिलने के बाद ही पर्चा भरा। मोकामा सीट पर मतदान पहले चरण में 6 नवंबर को होगा।
संपत्ति का ब्योरा
हलफनामे के अनुसार, अनंत सिंह और उनकी पत्नी नीलम देवी की संयुक्त संपत्ति 100 करोड़ रुपये से अधिक है।
अनंत सिंह की संपत्ति: उनके पास 26.66 करोड़ रुपये की चल संपत्ति और 11.22 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति है। उनके पास 15.61 लाख रुपये नकद और 15 लाख रुपये मूल्य के सोने के आभूषण हैं। उनकी चल संपत्तियों में 3.23 करोड़ रुपये मूल्य की तीन लग्जरी एसयूवी कारें शामिल हैं। इसके अलावा, उनकी अन्य संपत्तियों में घोड़े और गाय भी शामिल हैं।
नीलम देवी की संपत्ति: अनंत सिंह की पत्नी नीलम देवी, जिन्होंने 2020 के चुनाव में राजद के टिकट पर मोकामा सीट जीती थी, उनके पास 62.72 करोड़ रुपये की कुल चल और अचल संपत्ति है।
उनके पास 13.07 करोड़ रुपये की चल संपत्ति और 49.65 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति है। नीलम देवी के पास 34.60 लाख रुपये नकद और 76.61 लाख रुपये मूल्य के सोने के आभूषण हैं। उनकी संपत्ति में 77.62 लाख रुपये मूल्य की तीन लग्जरी कारें भी शामिल हैं।
28 आपराधिक मामले और राजनीतिक सफर
हलफनामे में अनंत सिंह ने यह भी घोषणा की है कि उनके खिलाफ 28 आपराधिक मामले लंबित हैं। पांच बार मोकामा के विधायक रहे सिंह को 2022 में यूएपीए (UAPA) मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद विधानसभा से अयोग्य घोषित कर दिया गया था, जिसके बाद उनकी पत्नी नीलम देवी ने यह सीट जीती थी।
हाल ही में पटना उच्च न्यायालय ने उन्हें बरी कर दिया था, जिसके बाद उन्होंने स्पष्ट कर दिया कि वह अब अपनी पत्नी पर पारिवारिक किले की रक्षा की जिम्मेदारी नहीं सौंप सकते।
मोकामा सीट पर 1990 से ही सिंह का परिवार, पार्टी संबद्धता की परवाह किए बिना, जीतता रहा है। हालांकि, राजद ने इस बार ‘छोटे सरकार’ के लिए मुश्किलें खड़ी करने की कसम खाई है और उस उम्मीदवार का समर्थन करने की घोषणा की है, जो उन्हें सबसे कड़ी चुनौती देगा। इस बार अनंत सिंह के सीधे चुनावी मैदान में उतरने से मोकामा का मुकाबला बेहद दिलचस्प हो गया है।