बिहार विधानसभा के शीतकालीन सत्र में मंगलवार का दिन पूरी तरह राजनीतिक हलचल और हल्की-फुल्की नोकझोंक के नाम रहा। गया से बीजेपी के नौ बार के विधायक डॉ. प्रेम कुमार को सर्वसम्मति से विधानसभा अध्यक्ष चुन लिया गया, यानी वे निर्विरोध स्पीकर बने। लेकिन इस औपचारिक माहौल के बीच अचानक मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अपने चुटीले अंदाज़ में सामने आए और एक टिप्पणी से सदन में मौजूद सभी सदस्यों को ठहाके लगाने पर मजबूर कर दिया।
दरअसल, नए स्पीकर चुने जाने के साथ ही बिहार विधानसभा का माहौल अचानक उत्साह से भर उठा। प्रेम कुमार के निर्विरोध अध्यक्ष चुने जाने पर एनडीए सदस्यों ने सदन में ‘जय श्री राम’ के नारे लगाए। 18वीं विधानसभा की इस महत्वपूर्ण प्रक्रिया में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव खुद प्रेम कुमार को उनके नए आसन तक लेकर आए। वहीं, चुनाव के दौरान चली तीखी बहसों के बाद यह दृश्य लोकतांत्रिक सौहार्द का अनोखा उदाहरण बन गया। वहीं, स्पीकर की कुर्सी संभालने के बाद प्रेम कुमार ने सदन की कार्यवाही शुरू की और सबसे पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को संबोधन के लिए आमंत्रित किया। नीतीश कुमार ने उन्हें अध्यक्ष पद संभालने पर बधाई देते हुए कहा, “मैं सभी दलों को उनके निर्विरोध निर्वाचन के लिए धन्यवाद और शुभकामनाएं देता हूँ।”
हालांकि, अपने संबोधन के अंत में सीएम नीतीश कुमार ने सदन से अनुरोध किया, “मैं तो कहूँगा, एक बार खड़ा होकर अध्यक्ष जी को प्रणाम कर दीजिए।” उनकी बात पर ज्यादातर सदस्य तुरंत उठ खड़े हुए, लेकिन कुछ विधायकों को उठने में चंद सेकंड लग गए। इस पर नीतीश कुमार ने अपने खास चुटीले अंदाज़ में टोकते हुए कहा- “अरे, खड़ा हो न भाई!” उनके इस कमेंट पर सदन में हल्की हंसी फैल गई और माहौल एक बार फिर खुशनुमा हो गया।