बिहार कांग्रेस में अपनी ही पार्टी से नाराज चल रहे कांग्रेसी पटना में 17 मार्च को महासम्मेलन करने वाले हैं। इस महासम्मेलन में पूरे राज्य से डेलिगेट्स और अधिकारी आएंगे। बोरिंग रोड के एक उत्सव हॉल में 17 मार्च को महासम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। पूर्व AICC सदस्य आनंद माधव ने कहा इस महासम्मेलन के लिए 40 पॉलिटिकल जिलों का दौरा किया गया है और हमें उत्साहपूर्वक समर्थन मिला है। जिलों के कांग्रेसी ने हमारा पूरा साथ दिया है। इस महासम्मेलन के लिए पटना भी सजना शुरू हो जाएगा। उन्होंने आगे कहा कि वर्तमान में बिहार कांग्रेस की व्यवस्था और अराजकता से कार्यकर्ता ऊब चुके हैं। सब के सब बदलाव और एजेंट से मुक्ति चाहते हैं। सत्ता के दलाल ने कांग्रेस को गर्त में ला दिया है।
जब सदन में कांग्रेस के चार विधायक थे, तब भी कांग्रेस इतनी लाचार नहीं महसूस कर रही थी जितनी की अब है। हम समर्पित कांग्रेसी एक कोशिश कर रहे हैं, कि बिहार में कांग्रेस जिंदा हो। वे लोग बिहार को कांग्रेस मुक्त करने का सुपारी लेकर आए हैं। बिहार कांग्रेस की हार का कारण टिकट में धांधली के साथ-साथ ऐसे लोगों को नजर अंदाज करना है जो जमीनी स्तर पर काम करते हैं। इसलिए हम लोग प्रयास कर रहे हैं कि कांग्रेस को जीवित रखें। हमारा लक्ष्य 2029 में राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनाना है। राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनाने का रास्ता बिहार से होकर निकलता है। वहीं, संगठन सृजन के नाम पर लूट मचाया जा रहा है। पहले कांग्रेस में जुड़ने के लिए 5 रुपए होते थे। उसे बढ़ाकर 10 रुपए किया गया, लेकिन अब 50 रुपए लिए जा रहे हैं।
पूर्व विधायक छत्रपति यादव ने कहा कि हम लोग इस सम्मेलन के माध्यम से राहुल गांधी की पार्टी में स्लीपर सेल को उजागर करेंगे। इस महासम्मेलन के बाद हम लोग दिल्ली भी जाएंगे और वहां पर राहुल गांधी से मुलाकात करेंगे। चुनाव के बाद कांग्रेसी काफी निराश हुए हैं। राजेश राम की वजह से हम लोगों को यह सम्मेलन और जिला का दौरा करना पड़ा है। जब जब कांग्रेसियों पर अत्याचार होगा, हम लोग चुप नहीं रहेंगे। जिलों में कांग्रेसियों ने खुद हमसे आकर संपर्क किया और वर्तमान में बिहार कांग्रेस में चल रही दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति के खिलाफ इस महासम्मेलन में शामिल होने की इच्छा जताई है।