राजद नेता तेजस्वी यादव यूरोप से लौट आए हैं और इस सप्ताह से सक्रिय राजनीति में दिखेंगे। पटना में प्रदेश अध्यक्ष और सीनियर नेताओं के साथ बैठक कर संगठन और चुनावी रणनीति पर मंथन होगा। पार्टी 50 जिला अध्यक्ष और करीब 265 प्रखंड अध्यक्षों की नियुक्ति एक महीने के भीतर करेगी।
संगठन में बड़े बदलाव के संकेत हैं। मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष मंगनी लाल मंडल को बदला जा सकता है। विधानसभा चुनाव में संगठन की कमजोरी और बाहरी एजेंसियों पर निर्भरता को हार की बड़ी वजह माना गया है। राजद ने 400 से ज्यादा भीतरघातियों की पहचान कर ली है, जिन पर कार्रवाई की तैयारी है।
गौरतलब है कि मकर संक्रांति के बाद तेजस्वी बिहार यात्रा पर निकलेंगे। पंचायत चुनाव पार्टी का अगला बड़ा लक्ष्य है। निचले स्तर पर संगठन को मजबूत कर एनडीए को चुनौती देने की रणनीति बनाई जा रही है।