सिटी पोस्ट लाइव :आरजेडी के प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह पार्टी से इस्तीफा दे दिया है. जगदानंद सिंह के इस्तीफे की आधिकारिक पुष्टि तो नहीं हुई है लेकिन राजनतिक गलियारे में चर्चा जोरशोर से हो रही है कि जगदानंद सिंह ने राजद सुप्रीमो लालू यादव को इस्तीफा सौंप दिया है लेकिन उनका इस्तीफा अभी स्वीकार नहीं हुआ है. इसको लेकर पार्टी की ओर से कोई आधिकारिक सूचना नहीं दी गई है. दरअसल, जगदानंद सिंह बिहार उपचुनाव के परिणाम आने के बाद से ही पार्टी दफ्तर नहीं पहुंचे हैं.पार्टी के कुछ नेता उनसे इस्तीफे की मांग भी कर चुके हैं.
उपचुनाव में आरजेडी को मिली करारी हार के बाद जगदानंद सिंह पर दबाव बढ़ गया था.पार्टी के अन्दर उनके खिलाफ आवाज उठने लगी थी.गौरतलब है कि जगदानंद सिंह के छोटे बेटे अजीत सिंह रामगढ़ से उपचुनाव मैदान में थे.बीजेपी जीत गई और वो तीसरे नंबर पर पहुँच गये.बीजेपी प्रत्याशी अशोक सिंह ने बीसपी प्रत्याशी को मात दे दी.अजीत सिंह को बीसपी ने तीसरे नंबर पर धकेल दिया. वैसे तो आरजेडी की सभी सीटों पर हार हुई है.लेकिन रामगढ़ सीट से हार के बाद जगदानंद सिंह को लेकर सवाल उठने लगे थे. यह सीट न केवल आरजेडी के कब्जे में थी बल्कि यहां से जगदानंद सिंह के बड़े बेटे सुधाकर सिंह भी विधायक थे. सुधाकर सिंह के लोकसभा चुनाव में सांसद चुने जाने के बाद इस सीट पर उपचुनाव हुआ. लेकिन उपचुनाव में राजद के हाथ से रामगढ़ सीट निकल गया. बताया जा रहा है कि इसके बाद ही जगदानंद सिंह ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है.
जगदानंद सिंह पिछले कई दिनों से पार्टी दफ्तर नहीं पहुंचे हैं. पार्टी दफ्तर में कई बड़े कार्यक्रम हुए जिनमें पार्टी अध्यक्ष ही नदारद रहे. दरअसल, उपचुनाव के बाद राजद दफ्तर में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया था. राजद कार्यालय के बाहर टेंट लगाकार राजद के तमाम नेताओं ने प्रदर्शन किया. लेकिन इस धरना प्रदर्शन में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह ही नहीं पहुंचे. यही नहीं उपचुनाव के परिणाम आने के दूसरे दिन ही राजद कार्यालय में सुबह सुबह तेजस्वी यादव पहुंचे.
आरजेडी दफ्तर में 24 नवंबर को अति पिछड़ों का कार्यक्रम था.तेजस्वी यादव इस कार्यक्रम में शामिल हुए लेकिन प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह इस दिन भी पार्टी दफ्तर नहीं पहुंचे. जगदानंद सिंह अब तक पार्टी दफ्तर में पहुंचते थे और पार्टी से जुड़ी कई अहम फैसले भी लेते थे. खुद राजद सुप्रीमो लालू यादव और तेजस्वी यादव भी जगदानंद सिंह के फैसलों पर विश्वास करते थे. जगदानंद सिंह के प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद से ही पार्टी में अनुशासन कायम थी. जगदानंद सिंह के अनुशासन से भी पार्टी के नेता कार्यकर्त्ता नाराज थे.
सूत्रों की मानें तो जगदानंद सिंह राजद सुप्रीमो लालू यादव को इस्तीफा सौंप चुके हैं, हालांकि लालू यादव ने उनके इस्तीफे को स्वीकार नहीं किया है.अब देखने वाली बात होगी कि क्या इसबार भी जगदानंद सिंह को लालू यादव मन लेगें या फिर जगदा बाबू अपने फैसले पर अडिग रहते हैं.तेजप्रताप यादव से तंग आकर वो पहले भी इस्तीफा दे चुके हैं.लेकिन उस समय लालू यादव ने उन्हें मन लिया था.लेकिन सूत्रों के अनुसार इसबार वो अपना इस्तीफा वापस लेनेवाले नहीं है.