सिटी पोस्ट लाइव : दिल्ली सरकार के शपथ समारोह में बिहार NDA के तीन महत्वपूर्ण घटक दलों ( JDU-LJP-HAM ) के नेताओं के शामिल नहीं होने को लेकर सियासी हलकों में चर्चा तेज है.चर्चा है कि नीतीश कुमार के साथ मिलकर जीतन राम मांझी और चिराग पासवान ने बीजेपी पर दबाव बनाना शुरू कर दिया है. बिहार विधानसभा चुनाव में करीब 8 से 9 महीने का वक्त बचा है. इससे पहले छोटी-बड़ी हर पार्टी अपने स्तर पर चुनावी तैयारियों में जुट गई है.ऐसा माना जा रहा है कि सीटों के शेयरिंग को लेकर NDA के अंदर घमाशान जारी है.
सभी दल अपनी ताकत दिखाने में जुटे हैं.हम पार्टी 28 फरवरी को पटना के गांधी मैदान में ‘दलित समागम’ रैली का आयोजन कर रही है.इसके प्रचार-प्रसार के लिए गुरुवार को पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष संतोष कुमार सुमन ने हरी झंडी दिखाकर ‘दलित समागम’ रथ को रवाना किया. पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और मंत्री संतोष सुमन ने कहा कि बिहार के कोने-कौन से लोग रैली में शामिल होने के लिए आएंगे. दूसरे राज्यों से कार्यकर्ता पहुंचेंगे.इस दलित समागम को शक्ति-परिक्षण से जोड़कर देखा जा रहा है.
नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर निशाना साधते हुए संतोष सुमन ने कहा कि सीएम बनने के लिए बहुत बेचैन हैं. बेचैन होने से कोई सीएम नहीं बन जाता है. उसके लिए मेहनत करना होगा. जनता के बीच रहकर विश्वास जीतना होगा. लेकिन बिहार की जनता एनडीए के साथ है. उनके लिए आगामी 10-15 साल तक बिहार में कोई जगह नहीं है. दिल्ली में महिला मुख्यमंत्री के सवाल कहा कि इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद देता हूं. रेखा गुप्ता को दिल्ली प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाया है. आने वाले समय में पूरे देश में मिसाल पेश होगा.