PUSU चुनाव में हाई-वोल्टेज ड्रामा: तेज प्रताप के समर्थक रिंकल यादव को पुलिस ने टांगकर उठाया, समर्थकों का भारी बवाल

Ritu Raj

सिटी पोस्ट लाइव
पटना यूनिवर्सिटी छात्र संघ (PUSU) चुनाव के दौरान शनिवार को उस समय रणक्षेत्र जैसी स्थिति बन गई, जब अध्यक्ष पद के निर्दलीय उम्मीदवार और तेज प्रताप यादव के करीबी रिंकल यादव को पुलिस ने जबरन हिरासत में ले लिया। पुलिस द्वारा उम्मीदवार को ‘टांगकर’ ले जाने की तस्वीरों और वीडियो ने सोशल मीडिया पर आग की तरह सुर्खियां बटोरीं, जिसके बाद पूरे विश्वविद्यालय परिसर में तनाव व्याप्त हो गया।

गिरफ्तारी के बाद कैंपस में बढ़ा तनाव
रिंकल यादव, जिन्हें लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव का कट्टर समर्थक माना जाता है, की गिरफ्तारी की खबर जंगल में आग की तरह फैली। इसके तुरंत बाद उनके समर्थक और छात्र बड़ी संख्या में सड़कों पर उतर आए। आक्रोशित छात्रों ने पुलिस की इस कार्रवाई को ‘लोकतंत्र की हत्या’ और ‘पक्षपातपूर्ण’ बताते हुए जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि पुलिस प्रशासन सत्ता के दबाव में विपक्षी विचारधारा के उम्मीदवारों को निशाना बना रहा है।

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‘टांगकर’ थाने ले गई पुलिस, सुरक्षा बल तैनात
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, रिंकल यादव को हिरासत में लेते समय पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। स्थिति इतनी अनियंत्रित हो गई कि पुलिसकर्मियों को उन्हें उठाकर (टांगकर) ले जाना पड़ा। इस घटना के बाद विश्वविद्यालय के प्रशासनिक कामकाज और कक्षाओं पर भी असर पड़ा। सुरक्षा के मद्देनजर प्रशासन ने कैंपस और आसपास के संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल (Extra Force) तैनात कर दिया है। पुलिस का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए यह कदम उठाना अनिवार्य था और किसी भी तरह की अराजकता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

चुनावी गणित और मतदान का अपडेट
पटना यूनिवर्सिटी छात्र संघ चुनाव में भारी हंगामे और तनावपूर्ण माहौल के बावजूद मतदान की प्रक्रिया निरंतर जारी रही, जहाँ इस बार विभिन्न पदों के लिए उम्मीदवारों के बीच बेहद कड़ा और दिलचस्प मुकाबला देखने को मिल रहा है। इस चुनावी रण में सेंट्रल पैनल के 5 मुख्य पदों के लिए कुल 41 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं, जबकि काउंसलर पद के लिए 45 प्रत्याशी मैदान में डटे हुए हैं। सबसे महत्वपूर्ण अध्यक्ष पद के लिए रिंकल यादव सहित कुल 11 उम्मीदवारों के बीच सीधी टक्कर है, वहीं अन्य पदों की बात करें तो उपाध्यक्ष पद के लिए 8, महासचिव के लिए 9, संयुक्त सचिव के लिए 6 और कोषाध्यक्ष पद के लिए 7 प्रत्याशी अपनी दावेदारी पेश करते हुए चुनावी रेस में शामिल हैं।

दोपहर 2:30 बजे तक मतदान की प्रक्रिया संपन्न हुई, जिसके बाद कड़ी सुरक्षा के बीच मतपेटियों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया। प्रशासन के अनुसार, शाम 4:10 बजे से पटना आर्ट्स कॉलेज में मतों की गिनती शुरू होगी, जिससे तय होगा कि इस बार पटना यूनिवर्सिटी का ‘सरताज’ कौन बनेगा।

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