सिटी पोस्ट लाइव : RJD के वरिष्ठ नेता और विधान पार्षद (MLC) सुनील कुमार सिंह की सदस्यता बहाल कर दी गई है. बिहार विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह ने बुधवार को सदन में इसकी घोषणा की.उन्होंने उच्चतम न्यायालय के आदेश को पढ़कर सुनाया. हालांकि, निलंबन की अवधि में उन्हें कोई वेतन या भत्ता नहीं मिलेगा. 25 फरवरी 2025 से उनकी सदस्यता फिर से प्रभावी होगी.हालांकि बिहार विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह ने ये भी कहा कि सदस्यता बहाल करने के लिए आपने जो आवेदन दिया है, उसमे भी आपने अपशब्दों का प्रयोग किया है.आपको आगे से इस बात का ध्यान रखना चाहिए. सुनील कुमार सिंह ने अपने आवेदन में फिर से पलटू राम शब्द का प्रयोग किया है.Aदरअसल, दरअसल,
सुनील कुमार सिंह को पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव का करीबी माना जाता है. राबड़ी देवी हर साल उन्हें राखी बांधती हैं.उनकी सदस्यता बहाल होने के बाद राबड़ी देवी ने उन्हें बधाई दी और इसे न्याय की जीत करार दिया.उन्होंने कहा कि उच्चतम न्यायालय ने उनके निष्कासन को गलत ठहराया और उनकी सदस्यता बहाल करने का आदेश दिया. RJD समर्थकों ने इसे साजिश के खिलाफ जीत बताया, जबकि विपक्ष ने फैसले पर सवाल उठाए.
सुनील कुमार सिंह ने कहा कि वे पहले की तरह जनता की सेवा में तत्पर रहेंगे और पार्टी को और मजबूत करेंगे. सुप्रीम कोर्ट से फ़ैसला आने के बाद सुनील कुमार सिंह ने कहा, “यह मेरी नहीं, बल्कि संविधान और लोकतंत्र को बचाने की जीत है. मैं आरजेडी का सिपाही हूं और कभी एक कदम भी पीछे नहीं हटा. हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू यादव ने कहा था कि जो भी लड़ाई लड़नी हो, लड़ो। पूरी पार्टी तुम्हारे साथ खड़ी है.”