छठ पूजा को देखते हुए मुजफ्फरपुर में 4 दिन तक रहेगा हाई अलर्ट, SDRF के जवान रहेंगे तैनात…

Ritu Raj

लोक आस्था का महापर्व छठ पूजा नजदीक आते ही मुजफ्फरपुर में तैयारियां तेज हो गई हैं। बूढ़ी गंडक नदी का जलस्तर चार फीट घटने के बाद जिला प्रशासन और नगर निगम ने घाटों पर सुरक्षा, सफाई और यातायात व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए कमर कस ली है। शनिवार को जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन, सीनियर एसपी सुशील कुमार, नगर आयुक्त विक्रम विरकर और ट्रैफिक डीएसपी महेश चौधरी ने सिकंदपुर घाट का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। जिलाधिकारी ने दलदल वाले हिस्सों में बालू डालने, नदी किनारे घेराबंदी, एसडीआरएफ की तैनाती और गोताखोरों व नावों की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने बताया कि बूढ़ी गंडक नदी में पहले अधिक जलस्तर के कारण घाटों की तैयारी में बाधा आ रही थी, लेकिन अब जलस्तर में चार फीट की कमी आने से सभी विभाग युद्धस्तर पर कार्य में जुट गए हैं। उनका मुख्य उद्देश्य श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा से बचाना है। इस दिशा में घाटों पर सुरक्षा, स्वच्छता और यातायात व्यवस्था को प्राथमिकता दी जा रही है। वहीं, नगर निगम द्वारा घाटों पर आवश्यक सुविधाओं को तेजी से पूरा किया जा रहा है। सिकंदपुर घाट सहित अन्य प्रमुख घाटों पर लाइटिंग, साउंड सिस्टम, चेंजिंग रूम और साफ-सफाई का कार्य जोर-शोर से चल रहा है। इसके साथ ही श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए प्रशासन ने घाटों के आसपास एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें तैनात करने का निर्णय लिया है। इसके अतिरिक्त स्थानीय गोताखोरों और नावों की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जा रही है ताकि आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई की जा सके। जिलाधिकारी ने बताया कि भीड़ को नियंत्रित करने और आवागमन को सुगम बनाने के लिए विशेष यातायात योजना तैयार की गई है। ट्रैफिक डीएसपी महेश चौधरी को निर्देश दिया गया है कि घाटों की ओर जाने वाले रास्तों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया जाए और जाम की स्थिति को रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं। जिलाधिकारी ने यह भी आश्वासन दिया कि सभी घाटों पर स्वच्छ पेयजल, अस्थायी शौचालय और मेडिकल कैंप की व्यवस्था की जाएगी ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो। जिला प्रशासन ने छठ पूजा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा के लिए हर संभव कदम उठाने की प्रतिबद्धता जताई है। जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने बताया कि जिले के संवेदनशील घाटों की पहचान का कार्य अंतिम चरण में है और इनकी सूची शनिवार शाम तक सार्वजनिक कर दी जाएगी। साथ ही, श्रद्धालुओं के आवागमन को सुगम बनाने के लिए एक विस्तृत ट्रैफिक प्लान भी शाम तक जारी किया जाएगा।

पुश नोटिफिकेशन के लिए सब्सक्राइब करें।

दरअसल, सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए एसडीआरएफ कमांडेंट राम कुमार सिंह के नेतृत्व में आठ टीमें बूढ़ी गंडक नदी के विभिन्न घाटों पर तैनात की गई हैं। जो अगले चार दिनों तक अलर्ट मोड में रहने वाले हैं। डीएम ने जिलेवासियों से अपील की कि वे गहरे पानी वाले क्षेत्रों में जाने से बचें, अपने बच्चों का विशेष ध्यान रखें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पूरी तरह पालन करें। उन्होंने जोर देकर कहा कि श्रद्धा के साथ-साथ सुरक्षा भी प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, ताकि छठ पूजा का यह पर्व सभी के लिए सुखद और सुरक्षित रहे।

Share This Article